ईरान में स्कूल पर हुआ था घातक हमला
रोमः इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने दक्षिणी ईरान के मीनाब शहर में एक स्कूल पर हुए घातक मिसाइल हमले की तीखी आलोचना की है। इस हमले में बड़ी संख्या में स्कूली छात्राओं के हताहत होने की खबर है, जिसे मेलोनी ने बालिकाओं का नरसंहार करार दिया है। इतालवी संसद के उच्च सदन सीनेट को संबोधित करते हुए उन्होंने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया और अंतर्राष्ट्रीय मंच पर अपनी नाराजगी जाहिर की।
प्रधानमंत्री मेलोनी ने अपने संबोधन में कहा, मैं दक्षिणी ईरान के मीनाब में लड़कियों के स्कूल में हुए इस नरसंहार की कड़े शब्दों में निंदा करती हूं। उन्होंने इस हमले को मानवता के खिलाफ एक बर्बर कृत्य बताते हुए पीड़ित परिवारों के प्रति इटली की ओर से एकजुटता और संवेदना प्रकट की। उन्होंने जोर देकर कहा कि शिक्षा ग्रहण कर रही मासूम बच्चियों को निशाना बनाना किसी भी परिस्थिति में स्वीकार्य नहीं है।
मेलोनी ने ईरानी अधिकारियों और अंतर्राष्ट्रीय समुदाय से मांग की है कि इस जघन्य हमले के पीछे जो भी तत्व जिम्मेदार हैं, उनकी पहचान जल्द से जल्द की जाए और उन्हें न्याय के कटघरे में खड़ा किया जाए। इटली सरकार ने स्पष्ट किया है कि वह मानवाधिकारों और विशेष रूप से महिलाओं एवं बच्चों की सुरक्षा के मुद्दे पर कोई समझौता नहीं करेगी।
यह हमला एक ऐसे समय में हुआ है जब ईरान में आंतरिक सुरक्षा और क्षेत्रीय तनाव पहले से ही चर्चा का विषय बने हुए हैं। वैश्विक स्तर पर मानवाधिकार संगठनों ने भी इस घटना की जांच की मांग की है। इटली की इस त्वरित और सख्त प्रतिक्रिया को यूरोपीय संघ के भीतर एक मजबूत रुख के रूप में देखा जा रहा है, जो ईरान में नागरिक सुरक्षा और विशेष रूप से महिला शिक्षा के अधिकारों के प्रति वैश्विक चिंता को दर्शाता है।