जलवायु परिवर्तन का यह चेहरा देख भयभीत है लोग
रियो डी जनेरियो: ब्राजील के दक्षिण-पूर्वी राज्य मिनस गेरैस में मूसलाधार बारिश और उसके बाद आई बाढ़ व भूस्खलन ने भारी तबाही मचाई है। स्थानीय अधिकारियों द्वारा मंगलवार को जारी जानकारी के अनुसार, इस प्राकृतिक आपदा में अब तक कम से कम 22 लोगों की जान जा चुकी है। राज्य के अग्निशमन विभाग ने पुष्टि की है कि अकेले जुइज़ डी फोरा शहर में 16 लोगों की मौत हुई है, जबकि वहां से लगभग 110 किलोमीटर दूर उबा शहर में 6 लोगों ने अपनी जान गंवाई है।
जुइज़ डी फोरा नगर पालिका के अनुसार, यह शहर के इतिहास का सबसे अधिक बारिश वाला फरवरी महीना साबित हुआ है। इस महीने में अब तक हुई वर्षा, सामान्य अनुमान से दोगुनी से भी अधिक दर्ज की गई है। भारी बारिश के कारण शहर के कई हिस्सों में बाढ़ आ गई और पहाड़ दरकने से भूस्खलन की घटनाएं हुईं। इस आपदा के कारण नगर निगम के स्कूलों में कक्षाएं निलंबित कर दी गई हैं और करीब 440 लोगों को अपना घर छोड़कर सुरक्षित स्थानों पर शरण लेनी पड़ी है।
रिपोर्ट के अनुसार, जुइज़ डी फोरा में बच्चों सहित कम से कम 45 लोग अभी भी लापता हैं। लापता लोगों की तलाश के लिए विशेष टीमों को तैनात किया गया है और मलबे में दबे लोगों को निकालने के लिए युद्ध स्तर पर कार्य जारी है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए, ब्राजील सरकार ने जुइज़ डी फोरा में सार्वजनिक आपदा की स्थिति घोषित कर दी है। इस कदम से राहत कार्यों में तेजी आएगी और मानवीय सहायता के लिए धन व संसाधनों का आवंटन आसानी से हो सकेगा।
राष्ट्रपति की संवेदना और सरकारी सहायता ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज़ इनासियो लूला डा सिल्वा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट के माध्यम से पीड़ितों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने लिखा, हमारा ध्यान मानवीय सहायता सुनिश्चित करने, बुनियादी सेवाओं की बहाली, विस्थापित लोगों की सहायता और पुनर्निर्माण कार्यों पर केंद्रित है। ब्राजील में दिसंबर से मार्च के बीच गर्मी का मौसम होता है, जो वहां की भारी बारिश का चरम समय भी है। इस दौरान तीव्र मूसलाधार बारिश, गरज के साथ तूफान, बाढ़ और मिट्टी धंसने की घटनाएं सामान्य हैं, लेकिन इस वर्ष की तीव्रता ने पिछले कई रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं।