बालोद: धान किसानों के मुद्दों को लेकर बुधवार को बालोद जिले के तीनों विधायक, पूर्व विधायक और कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष कलेक्टर से मिलने पहुंचे, जहां विधायकों ने कहा कि किसान चोर उचक्के नहीं हैं. कांग्रेस आरोप था कि प्रशासन के लोग मनमाने ढंग से किसानों के घर जा रहे हैं, जबरदस्ती रकबा समर्पण कराया जा रहा है, चर्चा के दौरान तीखी नोक-झोंक भी देखने को मिली.
जिला प्रशासन पर कांग्रेस नेताओं का आरोप
कांग्रेस ने प्रशासन को दो दिन का समय देते हुए व्यवस्था सुधारने की चेतावनी दी है. कांग्रेस नेताओं ने कहा कि अगर व्यवस्था नहीं सुधरती है तो वो उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे. दरअसल, जिला कांग्रेस कमेटी के नेतृत्व में तीनों विधायक बातचीत करने पहुंचे हुए थें इसी दौरान पूर्व विधायक भैयाराम सिन्हा ने किसानों की समस्याओं को लेकर कहा कि कलेक्टर मैडम आप गंभीर समस्या में भी हंस कर बात कर रही हैं. इसी के बाद बातचीत में थोड़ा तनाव जैसी स्थिति पैदा हो गई. जिसके बाद कांग्रेस ने स्पष्ट कहा कि यदि समस्याओं का निराकरण नहीं किया जाता है तो उग्र आंदोलन किया जाएगा. जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी.
पूर्व मंत्री और विधायक का फूटा गुस्सा
पूर्व मंत्री अनिला भेड़िया ने कहा, मैं विधायक हूं, मेरा रकबा काट दिया जा रहा है. विधायक ने कहा कि जब विधायक के साथ ऐसा हो रहा है तो आम आदमी के बारे में क्या कहना. पूर्व मंत्री अनिला भेड़िया ने कहा कि शासन किसानों को चोर उच्चका बताने पर तुली है. विधायक ने कहा कि जब मेरे साथ गलत हो रहा है तो आम आदमी के साथ ये लोग क्या नहीं कर रहे होंगे. पूर्व मंत्री ने कहा कि जिला प्रशासन के लोग किसानों को दबाने का काम कर रहे हैं, उनको डराया धमकाया जा रहा है. विधायक ने कहा कि अगर सरकार धान नहीं खरीदना चाहती है तो बता क्यों नहीं देती.
शासन से मिले आदेशों का हो रहा पालन: कलेक्टर
कलेक्टर ने बताया, 38 हजार 719 किसान शेष बचे हैं. शासन के आदेश पर कार्रवाई की जा रही है. जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष चंद्रेश हिरवानी ने बताया कि हम किसानों के मुद्दे पर कलेक्टर से मिलने आए थे. हमने अपनी आपत्ति कलेक्टर को दर्ज कराई है. किसानों की स्थिति बहुत खराब है. सिर्फ चंद दिन धान खरीदे के लिए बचे हैं. शासन ने दावा किया था कि वो एक एक दाना किसानों से खरीदेगा, लेकिन ऐसा नहीं हो रहा है.
पूर्व विधायक भैया राम सिंह ने कलेक्टर के सामने कहा कि जबरदस्ती प्रशासन के दबाव में आकर अपना रकबा समर्पण कर रहे हैं. दादागिरी और गुंडागर्दी के बल पर काम करने का आरोप पूर्व विधायक ने लगाया.