Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Fingernail Lunula Meaning: नाखूनों पर बने सफेद अर्धचंद्र से जानें अपना भविष्य और भाग्य प्रेगनेंसी में जरूरी पोषण: स्वस्थ मां और बेबी के लिए डाइट में शामिल करें ये 7 सुपरफूड्स केन्या का विलवणीकरण प्लांट का वन्यजीवन में सहयोग ओल्ड राजेंद्र नगर कोचिंग हादसा: CBI ने दाखिल की क्लोजर रिपोर्ट, MCD अधिकारियों को मिली बड़ी राहत Lucknow-Kanpur Expressway: आम जनता के लिए खुला 6-लेन एक्सप्रेस-वे, 120 किमी की रफ्तार से दौड़ेगी गाड़... Ghazipur Crime News: जेवर और पैसों के विवाद में दादी बनी कातिल, मासूम पोते की गला दबाकर हत्या महाकाल मंदिर: सावन और भादौ मास में बदली आरती दर्शन की व्यवस्था, अब और अधिक श्रद्धालु कर सकेंगे दर्शन सिंहस्थ 2028 की तैयारी: रेलवे पटरी पर हादसों को रोकने के लिए बिछाया जा रहा सुरक्षा घेरा मंदसौर हाईवे हादसा: टैंकर पलटने से फसलें जलकर राख, मुआवजे की मांग को लेकर किसानों का प्रदर्शन Indore-Ratlam Fourlane Accident: बिलपांक टोल के पास कार डिवाइडर से टकराई, बाल चिकित्सक समेत दो की जा...

ग्राम रक्षकों को आधुनिक हथियार दिये गये

पाकिस्तान से बढ़ती घुसपैठ से मुकाबला करने की रणनीति

  • इस व्यवस्था को पहले बंद किया गया था

  • पहले भी तीस हजार हथियार बांटे गये थे

  • ऐसे लोगों पर पहले लगे थे गंभीर आरोप

राष्ट्रीय खबर

 

नईदिल्लीः केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने 3 अगस्त को कहा कि जम्मू क्षेत्र में बढ़ती आतंकी घटनाओं से निपटने के लिए ग्राम रक्षा रक्षकों (वीडीजी) को अत्याधुनिक हथियार मुहैया कराए गए हैं। दरअसल हाल के दिनों में घुसपैठ और सेना पर हमला होने के दौरान ही ग्राम रक्षकों को भी आधुनिक हथियार देने की जरूरत महसूस की गयी थी।

श्री सिंह जम्मू क्षेत्र के उधमपुर लोकसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते हैं, जिसके बड़े हिस्से में 2021 से आतंकी गतिविधियों में तेजी देखी गई है। इस साल जून से अब तक इस क्षेत्र में आठ आतंकी घटनाएं हो चुकी हैं। वे जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिले के हीरानगर में सरकारी डिग्री कॉलेज में आयोजित विकसित भारत के लिए युवाओं को सशक्त बनाना कार्यक्रम में बोल रहे थे।

केंद्रीय राज्य मंत्री, प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) और कार्मिक ने आतंकवादियों और ड्रग डीलरों के बीच गठजोड़ को तोड़ने का आह्वान किया। क्षेत्र में बढ़ती आतंकी घटनाओं से निपटने के लिए उठाए गए कदमों पर श्री सिंह ने कहा, रक्षा बलों और अन्य कानून प्रवर्तन एजेंसियों ने आतंकवादियों द्वारा पेश की गई चुनौतियों का अधिक प्रभावी तरीके से सामना करने के लिए अपनी रणनीति में बदलाव किया है।

20 साल से अधिक के अंतराल के बाद 2022 से इस क्षेत्र में वीडीजी या ग्राम रक्षा समितियों (वीडीसी) को पुनर्जीवित किया जा रहा है।

नागरिकों को हथियार देने की योजना सबसे पहले 1995 में जम्मू क्षेत्र के दस जिलों में शुरू की गई थी, जब हिंदू समुदाय के सदस्यों को आतंकवादियों ने निशाना बनाया और मार डाला। स्थानीय प्रशासन द्वारा पुंछ, राजौरी, सांबा, डोडा और किश्तवाड़ जिलों में नागरिकों को विभिन्न चरणों में लगभग 30,000 हथियार वितरित किए गए थे, जब जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद अपने चरम पर था। सदस्यों द्वारा अपहरण और बलात्कार जैसे अपराधों के आरोपों के बीच वीडीजी को बंद करना पड़ा।

श्री सिंह ने समाज के सभी वर्गों से अवैध गतिविधियों के खिलाफ धर्मयुद्ध में अपनी भूमिका निभाने की अपील की। ​​उन्होंने कहा कि अवैध खनन, ड्रग कार्टेल और गोवंश तस्करों से निपटने के लिए प्रशासन और पुलिस द्वारा संयुक्त रूप से अभियान चलाया गया है।

उन्होंने कहा, तस्करों, अवैध खननकर्ताओं और आतंकवादियों के मददगारों से निपटने के मामले में किसी को भी नहीं बख्शा जाएगा, चाहे उनका प्रभाव या राजनीतिक संबद्धता कुछ भी हो।