Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
पीएम मोदी के 'दिमागी नक्सल' बयान पर किरेन रिजिजू का विपक्ष पर तीखा पलटवार रामपुरहाट टीएमसी दफ्तर में फंदे से लटके मिले पूर्व डिप्टी स्पीकर आशीष बनर्जी: सुसाइड नोट में मानसिक ... 'बिहार बन रहा पेपर लीक की राजधानी': तेजस्वी यादव का NDA सरकार पर तीखा हमला, 19 अगस्त को राजभवन मार्च... पीएम मोदी के 'दिमागी नक्सल' बयान पर BJP-कांग्रेस आमने-सामने, छिड़ा सियासी घमासान बरेली: सरकारी नौकरी का झांसा देकर रचाई शादी, विरोध पर बेल्ट से पीटा और छीने जेवर; पति समेत ससुराल वा... सुखबीर बादल पर हमले की NIA जांच की मांग: हरसिमरत कौर बादल ने गृह मंत्री अमित शाह को लिखा पत्र, बड़ी ... भिवंडी: दरगाह में इलाज के नाम पर महिला से अघोरी रस्में व प्रताड़ना; UP भागने की फिराक में था मौलवी, ... दिल्ली में पूरा हुआ 100 'अटल कैंटीन' का संकल्प: DU मेट्रो स्टेशन से 25 नई कैंटीन शुरू, मात्र ₹5 में ... रीवा में स्वास्थ्य तंत्र की लापरवाही: 2 घंटे तक नहीं पहुंची 108 एंबुलेंस, सांस लेने में तकलीफ से जूझ... खान-खनिज संशोधन बिल के खिलाफ रांची में राजद-वाम दलों का साझा मोर्चा: आर्थिक नाकेबंदी और दिल्ली घेराव...

जीएसटी को समर्थन देना मेरी गलती थीः ममता बनर्जी

राष्ट्रीय खबर

कोलकाताः पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने छह साल पहले की अपनी गलती को सार्वजनिक मंच से स्वीकार किया। सिंगुर की जनसभा में खड़े होकर उन्होंने माना की एक जुलाई 2017 को केंद्र सरकार के जीएसटी के प्रस्ताव का समर्थन करना उनका गलत फैसला था।

उन्होंने कहा कि देश के कई हिस्सों में इसका विरोध हो रहा था लेकिन पश्चिम बंगाल ने केंद्र के इस फैसले का समर्थन किया। लेकिन टीएमसी के उदय की महत्वपूर्ण जमीन सिंगूर में खड़े होकर मुख्यमंत्री ने जीएसटी का समर्थन करने के फैसले को गलत बताया। सिंगुर में पथश्री-रास्ताश्री परियोजना का उद्घाटन करते हुए मुख्यमंत्री ने केंद्र पर राज्य को धन से वंचित करने का आरोप लगाया।

उन्होंने शिकायत की कि केंद्र ने 100 दिनों से छात्रों को छात्रवृत्ति का पैसा देना बंद कर दिया है। राज्य ने 100 दिन का काम देना भी बंद कर दिया है। हालांकि केंद्र जीएसटी के नाम पर हर साल राज्यों से काफी पैसा वसूल करता है, लेकिन राज्यों की परियोजनाओं के लिए आवंटित धन रोक दिया जाता है।

इसके बाद उन्होंने केंद्र के खिलाफ और भी हमला बोला और कहा कि केंद्र काम नहीं देगा तो भी जॉब कार्डधारियों को काम मिलेगा। पथश्री-रास्ताश्री परियोजना में जॉब कार्डधारियों को सड़क निर्माण में काम मिलेगा। हम 100 दिन के कार्यकर्ताओं के साथ पीडब्ल्यूडी और जल धारो जल भरो का काम करेंगे। मैं केंद्र सरकार को दिखा दूंगा कि बंगाल अपना काम खुद कर सकता है।

हमने एक पैसा नहीं देने के बावजूद 100 दिनों में से 26 दिन का काम किया है। मैंने खुद काम बनाया है। इसके लिए बुद्धि की आवश्यकता होती है। बंगाल के पास वह बुद्धिमत्ता है। राज्य सरकार ने विधानसभा के बजट सत्र में पाठश्री-राष्टश्री परियोजना के लिए 3,000 करोड़ रुपये आवंटित किए।

इस योजना के तहत 12,000 किमी से अधिक ग्रामीण सड़कों के निर्माण, पुनर्निर्माण और रखरखाव की भी घोषणा की गई। राज्य सरकार की यात्रा मंगलवार को सिंगूर से शुरू हुई। मंगलवार को मुख्यमंत्री ममता ने सिंगूर-2 ग्राम पंचायत में रतनपुर नेताजी संघ से अठलिया नवोदय संघ तक करीब ढाई किलोमीटर सड़क का शिलान्यास किया।