Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
ज्यादा तनावमुक्त रहना भी खतरे की घंटी है खुद में, देखें वीडियो 1984 सिख-विरोधी दंगों के दोषी पूर्व कांग्रेस सांसद सज्जन कुमार का 80 साल की उम्र में निधन, तिहाड़ से... राजीव गांधी की जयंती पर PM मोदी ने दी श्रद्धांजलि, सोनिया-राहुल और खरगे ने 'वीर भूमि' पर अर्पित किए ... 'वंदे मातरम्' पर सियासी घमासान: अमित शाह बोले- 2 छंद गाने का कांग्रेस का फैसला देश विरोधी, वेणुगोपाल... तेलंगाना के सिद्दिपेट में भीषण सड़क हादसा: 20 फीट गहरे कुएं में गिरी कार, एक ही परिवार के 4 लोगों की... उत्तराखंड में PMAY-U को मिली नई रफ्तार, दिसंबर तक 15 हजार परिवारों को मिलेगी पक्की छत प्रयागराज में भारी बारिश से हाहाकार: सड़कों पर भरा पानी, जलभराव पर इलाहाबाद हाई कोर्ट सख्त; DM और नग... हमीरपुर में फूड रेड के दौरान हड़कंप: SDM के कहने पर दुकानदार ने अपनी ही दुकान की मिठाई खाने से किया ... गोमतीनगर में दिल दहला देने वाला तिहरा हत्याकांड: पत्नी और बहन की हत्या के बाद मैनेजर ने की खुदकुशी दिल्ली मास्टर प्लान-2047 को केंद्र की मंजूरी: 40 लाख नए फ्लैट्स, नरेला एजुकेशन हब और मेट्रो विस्तार ...

केरल के मन्नार के इलाके में भी बर्फ जम गया

  • प्रसिद्ध पर्यटन केंद्र है यह शहर

  • इतनी ठंड समुद्री इलाके में पहली बार

  • राजस्थान के अनेक शहरों में ऐसी ही हालत

राष्ट्रीय खबर

नईदिल्लीः क्या भारतवर्ष में मौसम का बदलाव अपना असर दिखा रहा है। आम तौर पर जहां उतनी ठंड नहीं पड़ती है, वहां इस किस्म का हाल यही संकेत देता है। इसमें सबसे नया और अजूबा नाम केरल के मन्नार का है। वहां भी न्यूनतम तापमान शून्य से नीचे चला गया है। यहां इस किस्म की ठंड इससे पहले कभी नहीं पड़ी थी।

दूसरी तरफ उत्तर भारत के कई इलाके अभी भीषण सर्दी की चपेट में है। केरल के मन्नार के बारे में पता चला है कि तापमान शून्य से नीचे चले जाने की वजह से वहां के मैदानों में सफेद एक चादर सी नजर आने लगी थी। वैसे वैज्ञानिक इसे बर्फ गिरना नहीं मानते हैं। उनके मुताबिक तापमान गिरने की वजह से खुले मैदानों पर जो ओस की बूंदे थी वे जम गयी थी।

शनिवार की सुबह के बाद रविवार को भी यह हाल दिखा था। यह घास के ऊपर एक दानेदार सफेद चादर जैसा बन गया था जो धूप निकलने के कुछ देर बाद खुद ही पिघल जाने की वजह स गायब हो गया। लेकिन इससे पहले समुद्र के करीबी राज्य में ऐसी घटना का कोई पूर्व रिकार्ड नहीं है।

इसके अलावा राजस्थान के अनेक इलाके भी इस बार ठंड का रिकार्ड तोड़ रहे हैं। माउंट आबू ने अपने यहां का रिकार्ड तोड़ दिया है। वहां न्यूनतम तापमान शून्य से सात डिग्री नीचे चला गया था। उत्तर भारत के दिल्ली के अलावा पंजाब, हरियाणा, राजस्थान और पश्चिमी उत्तरप्रदेश भी इस कड़ाके की ठंड के प्रभाव वाले इलाके हैं।

हिमालय के शिखरों पर हो रही बर्फबारी का असर देखने को मिल रहा है। माउंट आबू के मौसम में इतनी जबरदस्त गिरावट 28 साल बाद दर्ज की गई। हालात ऐसे कि बहने वाले पानी, घरों के बाहर बर्तन में रखा पानी जम गया। खुले में बाहर खड़ी गाड़ियों पर बर्फ नजर आयी। कई अन्य इलाको में भी ऐसा ही नजारा दिख रहा है जहां बर्तनों में रखा पानी जम रहा है। वहीं, फसलों पर पाला पड़ने की भी आशंका है। सर्दी से अब 18 जनवरी को ही कुछ राहत मिलने की उम्मीद है।