Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
नोएडा सेक्टर-150 की एल्डिको सोसाइटी में दर्दनाक हादसा, STP टैंक में जहरीली गैस से दो लोगों की मौत Amroha Three Sisters Marriage Law: अमरोहा में 3 बहनों से शादी का मामला; जानिए हिंदू मैरिज एक्ट और BN... संभल में गंगा एक्सप्रेसवे पर भीषण हादसा, अनियंत्रित होकर पलटी डबल डेकर बस; 2 की मौत और 24 घायल Bhind MP Road Accident News: भिंड में चलती कार का दरवाजा खोलने से बड़ा हादसा! बाइक टकराने से 4 साल क... नोएडा के पृथला फ्लाईओवर पर दर्दनाक हादसा, शराब के नशे में धुत कार चालक ने बाइक सवार को मारी टक्कर धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हजारे का बड़ा बयान, बोले—'न कोई जीता, न कोई ... Tej Pratap Yadav Arrested News: NEET विवाद में बड़ा एक्शन! रातभर चले ड्रामे के बाद तेज प्रताप यादव 1... अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में नई SIT का गठन, IG किरण एस. के नेतृत्व में 3 वरिष्ठ IPS अफसरो... धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर अमित शाह का बड़ा बयान; बोले—'बीजेपी के लिए पद से बड़ा देश और युवा पीढ... प्रह्लाद जोशी ने संभाली शिक्षा मंत्रालय की जिम्मेदारी, बोले—'पूर्ण विनम्रता और निष्ठा से निभाऊंगा कर...

शिमला में भारी भीड़ पर होटलों के कमरे खाली

  • सारे पर्यटन स्थलों पर बर्फवारी देखने की भीड़

  • इलाकों में बाहरी पर्यटकों को पैर रखने की जगह नहीं

  • सारे महंगे और सस्ते होटलो में चालीस प्रतिशत कमरा खाली

राष्ट्रीय खबर

नईदिल्लीः शिमला के प्रमुख पर्यटन स्थलों पर पैर रखने की भी जगह नहीं है। इसके बाद भी शिमला के हर वर्ग के होटलों में कमरे खाली है। आम तौर पर इस मौसम में शिमला में ऐसा होता नहीं है और वहां होटलों में कमरा मिल जाना लॉटरी खुलने से कम नहीं होता। किसी तरह वहां पहुंचने वाले पर्यटक कई घंटों तक कमरों के खाली  होने के लिए होटल के बाहर बैठकर इंतजार करते हैं।

इस बार की स्थिति उल्टी है। पिछले चालीस वर्षो में वहां का होटल कारोबार इतना मंदा कभी नहीं रहा है। इसकी वजह से जानकर हैरानी के साथ साथ सुरक्षा से संबंधित नये सवाल खड़े हो गये हैं। दरअसल कई वेबसाइट और एप लोगों को अपना कमरा किराया पर देने की लालच देते हैं। अपने घर के अतिरिक्त कमरों से अगर कुछ अतिरिक्त आमदनी हो जाए, इस पर सभी को आपत्ति भी नहीं होती।

इस बार शिमला के होटलों में कमरे भी इसी वजह से खाली रह गये हैं। आम तौर पर होटलों से कम कीमत पर कमरा ऑनलाइन उपलब्ध होने की वजह से शिमला आये लोगों ने इन ठिकानों पर अपना बसेरा बनाया है। उन्हें इससे पैसे की बचत हो रही है जबकि होटल कारोबार मंदा हो गया है। इस बारे में देश भर के होटल संचालकों ने पहले ही केंद्र सरकार को इस बारे में आगाह किया था।

साथ ही यह भी कहा था कि इस तरीके की व्यवस्था देश की सुरक्षा के लिए भी बड़ा खतरा है। होटलों में किसी यात्री के ठहरने के जो नियम हैं, इन गैर सरकारी एप वाले उनका पालन नहीं करते। दूसरी तरफ मकान किराये पर देने वालो को अपने पैसे से मतलब होता है। उनके यहां कौन आकर रूका, इस बारे में न तो एप संचालक को और न मकान मालिक को विस्तृत जानकारी होती है। यह जायज नहीं है।

इसी वजह से इस बार भी शिमला में चारों तरफ भीड़ ही भीड़ होने के बाद भी महंगे से लेकर सस्ते होटलों के कमरे खाली पड़े हुए हैं। शहर में पिछले कुछ सालों में सबसे अधिक पर्यटक इस बार यहां आये हैं क्योंकि पिछले साल तक को कोरोना का खतरा सभी के सर पर मंडरा रहा था।

इस बार माहौल में सुधार हुआ है तो लोग अब पैसे बचाने के लिए एप आधारित निजी कमरों में रूकने का फैसला कर रहे हैं। लगभग ऐसी ही जानकारी बर्फवारी वाले दूसरे शहरों से भी मिलने रही है। इसमें सबसे बड़ा खतरा यह मंडरा रहा है कि एप के सहारे फर्जी दस्तावेजों की मदद से कोई भी व्यक्ति किसी के भी घर में ठहर सकता है। कई बार बम की सूचना का खतरा भी ऐसे ही सुरक्षा प्रबंधों की कमी की वजह से हो चुका है, इसका रिकार्ड पुलिस के पास मौजूद है।