कोरबा जिले के करतला क्षेत्र अंतर्गत ग्राम रामपुर में बुधवार को एक दुखद घटना सामने आई। तेज बारिश और हवाओं के बीच इमली के पेड़ पर आकाशीय बिजली गिरने से वहां बसेरा बनाए 6 साइबेरियन (प्रवासी) पक्षियों की मौत हो गई। स्थानीय लोगों के अनुसार, रामपुर का यह इमली पेड़ इन पक्षियों का पसंदीदा ठिकाना है और यहां हर साल इनकी बड़ी संख्या प्रजनन के लिए आती है।
🔍 तड़ित चालकों की प्रभावशीलता पर उठे सवाल
इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। जानकारों का मानना है कि गांव में बिजली से सुरक्षा के लिए पहले से ही तड़ित चालक (Lightning Conductors) लगाए गए हैं। इसके बावजूद बिजली का सीधे पेड़ पर गिरना इन उपकरणों की गुणवत्ता और उनके रख-रखाव पर बड़े प्रश्नचिह्न लगाता है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि ये उपकरण सही तरीके से काम कर रहे होते, तो शायद यह हादसा टाला जा सकता था।
🕊️ प्रजनन के लिए खास है रामपुर का गांव
जिले में कनकी और रामपुर ऐसे दो प्रमुख स्थान हैं जहां प्रवासी पक्षी हर साल मानसून के दौरान अपना प्रजनन काल बिताने आते हैं। रामपुर में लगभग 500 की तादाद में ये पक्षी मौजूद रहते हैं। ग्रामीण इन्हें सुख, समृद्धि और मानसून का ‘देवदूत’ मानते हैं। वन विभाग के एसडीओ सूर्यकांत सोनी ने बताया कि विभाग घटनास्थल पर नजर बनाए हुए है। अन्य घोंसलों की जांच की गई है और राहत की बात यह है कि बाकी पक्षी सुरक्षित हैं।
🌿 प्रकृति के मेहमान और वन विभाग की सजगता
ये प्रवासी पक्षी मानसून की शुरुआत से लेकर अंत तक यहां रहते हैं और जब उनके बच्चे उड़ने लायक हो जाते हैं, तब वे वापस लौट जाते हैं। वन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया है और पक्षियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं ताकि भविष्य में इस तरह की प्राकृतिक आपदाओं से उन्हें बचाया जा सके।