Delhi Anti-Encroachment Drive: शालीमार बाग में 150 अवैध मकानों पर चला बुलडोजर; मैक्स हॉस्पिटल के पास सड़क चौड़ीकरण की तैयारी
प्रशासनिक सुधारों और बुनियादी ढांचे के विकास के लिए देश के कई शहरों में अतिक्रमण हटाओ अभियान तेजी से चल रहे हैं। हाल ही में दिल्ली के शालीमार बाग और मध्य प्रदेश के इंदौर में सड़क चौड़ीकरण को लेकर बड़े पैमाने पर बुलडोजर कार्रवाई की गई है। इन कार्रवाइयों का उद्देश्य मास्टर प्लान के तहत यातायात को सुगम बनाना और विकास कार्यों में आ रही बाधाओं को दूर करना है।
🚧 दिल्ली के शालीमार बाग में 150 मकानों पर चला बुलडोजर
दिल्ली के शालीमार गांव में प्रशासन ने मैक्स हॉस्पिटल और मुख्य सड़क को चौड़ा करने के लिए करीब 150 अवैध मकानों को गिराने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। निवासियों को 30 मई तक मकान खाली करने का समय दिया गया था। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए यहां भारी सुरक्षा बल तैनात है, जिसमें CRPF, RPF और दिल्ली पुलिस के कुल मिलाकर लगभग 2,000 से अधिक सुरक्षाकर्मी शामिल हैं। 30 मीटर तक के अवैध निर्माणों को हटाकर सड़क के विस्तार का काम पूरा किया जा रहा है।
📍 इंदौर में 120 घरों पर डिमोलिशन एक्शन
इसी क्रम में इंदौर नगर निगम ने भी 23 मई को मधुमिलन स्क्वायर से कैंटोनमेंट इलाके के बीच एक बड़ी कार्रवाई की। म्युनिसिपल एडमिनिस्ट्रेशन के अनुसार, यहाँ सड़क के मास्टर प्लान के दायरे में आने वाले लगभग 120 मकानों और दुकानों को चिन्हित किया गया था। एडिशनल कमिश्नर आकाश सिंह ने स्पष्ट किया कि यह कार्रवाई अचानक नहीं, बल्कि जमीन की मैपिंग और निवासियों को कानूनी नोटिस जारी करने के बाद की गई है।
🛡️ क्या है प्रशासन का पक्ष?
प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि ये सभी निर्माण सड़क के प्रस्तावित अलाइनमेंट के दायरे में आ रहे थे, जिससे यातायात में भारी बाधा उत्पन्न होती थी। इन कार्रवाइयों से पहले सभी प्रभावितों को नियमानुसार सूचित किया गया था। सड़कों का चौड़ीकरण न केवल भविष्य की यातायात जरूरतों को पूरा करेगा, बल्कि आपातकालीन स्थितियों (जैसे एम्बुलेंस और अग्निशमन वाहन) में भी सुगमता प्रदान करेगा।
संपादकीय टिप्पणी: शहरों के व्यवस्थित विकास के लिए अतिक्रमण हटाना एक कठिन लेकिन आवश्यक प्रक्रिया है। क्या आपको लगता है कि प्रशासन को प्रभावित परिवारों के पुनर्वास (Rehabilitation) के लिए अधिक संवेदनशील दृष्टिकोण अपनाना चाहिए? अपने विचार नीचे साझा करें।