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ईरानी हमलों में अमेरिका को काफी नुकसान

उपग्रह से प्राप्त तस्वीरों से हो रहा है असली खुलासा

दुबई: हाल ही में सामने आईं उपग्रह तस्वीरों के विजुअल विश्लेषण और विभिन्न रिपोर्टों से यह बड़ा खुलासा हुआ है कि मध्य पूर्व में स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर हुए हालिया ईरानी हमलों ने अमेरिकी रक्षा प्रणालियों और बुनियादी ढांचों को बेहद गंभीर नुकसान पहुंचाया है। अंतर्राष्ट्रीय समाचार पत्र द न्यूयॉर्क टाइम्स की एक विस्तृत खोजी रिपोर्ट के अनुसार, सैटेलाइट इमेजरी और धरातलीय दृश्यों का गहन अध्ययन करने पर कम से कम नौ अमेरिकी और उनके सहयोगी सैन्य ठिकानों पर विनाश के प्रत्यक्ष प्रमाण दर्ज किए गए हैं।

इस सैन्य कार्रवाई में सबसे व्यापक और भयावह नुकसान जॉर्डन में स्थित मुवफ्फक साल्टी एयर बेस और किंग फैसल एयर बेस पर देखा गया है। उपग्रह से प्राप्त स्पष्ट तस्वीरों से उजागर होता है कि ईरान की अति-सटीक निर्देशित बैलिस्टिक मिसाइलों और कामिकेज़ ड्रोनों ने अमेरिकी वायु सेना के मुख्य ड्रोन हैंगरों, महंगे एमक्यू -9 रीपर ड्रोनों, फाइटर जेट्स के सुरक्षित शेल्टरों और सैनिकों के रिहाइशी परिसरों को सीधे तौर पर निशाना बनाया। मिसाइल हमलों के कारण कई महत्वपूर्ण सैन्य हैंगर पूरी तरह तबाह हो गए, जिससे अमेरिकी सुरक्षा बलों को जान-माल का भारी नुकसान उठाना पड़ा है।

इसके अतिरिक्त, कुवैत में स्थित अहमद अल-जाबेर और अली अल-सालेम एयर बेस, तथा बहरीन में तैनात अमेरिकी नौसेना के रणनीतिक पांचवें बेड़े के ठिकानों पर भी भारी तबाही की पुष्टि हुई है। यहाँ रडार प्रणालियों, संचार टावरों और संवेदनशील गोला-बारूद के गोदामों को भारी नुकसान पहुँचा है। ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स ने आधिकारिक दावा किया कि उन्होंने क्षेत्र में तैनात अमेरिकी थॉड मिसाइल रक्षा प्रणाली के उन्नत रडार और पैट्रियट एयर डिफेंस बैटरी को सफलता के साथ निशाना बनाकर नष्ट कर दिया है।

यह नया सैटेलाइट विश्लेषण अमेरिकी रक्षा मंत्रालय के उन शुरुआती दावों के बिल्कुल विपरीत है, जिनमें नुकसान को मामूली बताया गया था। यह रिपोर्ट ईरानी मिसाइल तकनीक की बढ़ती सटीकता और मारक क्षमता को साबित करती है। हमलों में गंभीर रूप से घायल कई अमेरिकी सैनिकों को आपातकालीन और बेहतर इलाज के लिए जर्मनी स्थित अमेरिकी सैन्य अस्पताल  भेजा गया है। इस घटनाक्रम ने पूरे मध्य पूर्व में अमेरिकी सैन्य सुरक्षा की संवेदनशीलता को उजागर कर दिया है और पेंटागन को क्षेत्र में अपनी संपूर्ण रक्षा नीति पर पुनः विचार करने के लिए विवश कर दिया है।