Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Fazilka Border News: फाजिल्का में भारत-पाक सीमा के पार से 11 किलो हेरोइन जब्त; करोड़ों की खेप बरामद Yamunanagar Crime News: यमुनानगर में व्यापारिक रंजिश की हदें पार; दुकान के बाहर शर्मनाक कृत्य का CCT... Gohana Crime News: सोनीपत के बाद अब गोहाना में सनसनी; नई सब्जी मंडी के पास कट्टे में बंद मिला महिला ... Rewari Company Fire: रेवाड़ी की GLS कंपनी प्रबंधन पर गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज; मालिक और HR हेड न... Kaithal Crime News: कैथल में 10 बदमाशों का तांडव; युवक पर गंडासे और लाठियों से ताबड़तोड़ हमला, हालत ... Faridabad Petrol Pump Fight: फरीदाबाद में पहले तेल डलवाने को लेकर विवाद; दबंगों ने पंप कर्मचारी को ब... Gohana Crime News: गोहाना के सेक्टर-7 में खाली प्लॉट में मिला अज्ञात युवक का शव; इलाके में फैली सनसन... Bhupinder Singh Hooda: 'अंतरराष्ट्रीय बाजार में क्रूड सस्ता, फिर भी देश में तेल महंगा'- रोहतक में बर... Haryana Health Scheme: हरियाणा में बुजुर्गों के लिए शुरू होगा ‘वृद्ध सेवा एवं स्वास्थ्य’ पोर्टल; मंत... Fatehabad Drug Smugglers: फतेहाबाद पुलिस का 'डबल एक्शन'; 2 नशा तस्करों की 80 लाख की अवैध संपत्तियां ...

DSPMU Ranchi: डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी विश्वविद्यालय में छात्रों का उग्र प्रदर्शन; फीस वृद्धि वापस लेने की मांग

रांची: डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी विश्वविद्यालय में फीस वृद्धि को लेकर छात्रों का आंदोलन अब उग्र रूप लेता जा रहा है. सोमवार को कॉमर्स विभाग के छात्रों ने प्रशासनिक भवन का घेराव किया. वहीं आदिवासी छात्र संघ ने तालाबंदी कर विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की. बड़ी संख्या में छात्रों के जुटने से पूरे कैंपस का माहौल गर्मा गया और घंटों तक अफरा-तफरी की स्थिति बनी रही.

आंदोलनरत छात्रों का कहना है कि फीस में बढ़ोतरी को लेकर वे पिछले कई दिनों से लगातार आंदोलन कर रहे हैं. इस संबंध में पहले भी विश्वविद्यालय प्रशासन को ज्ञापन सौंपा जा चुका है लेकिन अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है. इस बीच कई दौर की वार्ता के बावजूद भी सहमति नहीं बन पाई है, जिससे छात्रों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है.

आंदोलन कर रहे छात्रों का आरोप है कि फीस वृद्धि से खासकर गरीब और आदिवासी वर्ग के छात्रों पर आर्थिक बोझ बढ़ेगा, जिससे उनकी पढ़ाई प्रभावित हो सकती है. छात्रों ने साफ तौर पर चेतावनी दी है कि जब तक फीस वृद्धि को वापस नहीं लिया जाता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा.

छात्र नेता वसीम खान ने कहा कि हम लोग लगातार शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रख रहे हैं लेकिन प्रशासन हमारी मांगों को नजरअंदाज कर रहा है. फीस वृद्धि को किसी भी हालत में स्वीकार नहीं किया जाएगा. अगर जरूरत पड़ी तो आंदोलन और तेज किया जाएगा.

वहीं, छात्र नेता अमृत मुंडा ने कहा कि यह लड़ाई सिर्फ फीस की नहीं, बल्कि छात्रों के अधिकारों की है. गरीब और आदिवासी छात्र इतनी बढ़ी हुई फीस देने में सक्षम नहीं हैं. प्रशासन को जल्द से जल्द इस फैसले को वापस लेना चाहिए.

इधर, विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है कि इस मुद्दे पर 6 मई के बाद फीस कमेटी की बैठक बुलाई जाएगी, जिसमें सभी पहलुओं पर विचार किया जाएगा. प्रशासन के अनुसार, कमेटी की बैठक के बाद ही फीस वृद्धि को लेकर अंतिम निर्णय लिया जाएगा. फिलहाल, छात्रों का आंदोलन जारी है और कैंपस में स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है.