Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
पुडुचेरी में पीएम मोदी का 'शक्ति प्रदर्शन'! फूलों की बारिश और 'भारत माता की जय' के नारों से गूंजा शह... नारी शक्ति वंदन बिल में इतनी 'जल्दबाजी' क्यों? चुनावी मास्टरस्ट्रोक या कोई बड़ा बदलाव; पर्दे के पीछे... क्या BJP में शामिल होने वाले हैं राघव चड्ढा? आतिशी की 'रहस्यमयी मुस्कान' ने बढ़ा दी सियासी हलचल! छोटी बहन का खौफनाक 'डेथ प्लान'! प्रेमी के साथ मिलकर बड़ी बहन के आशिक को उतारा मौत के घाट; चाकू से गो... Meerut Crime: फौजी पति की हत्या के पीछे निकली अपनी ही पत्नी, प्रेमी के साथ मिलकर रचा था मौत का तांडव Noida Weather Update: नोएडा में बदला मौसम का मिजाज, आंधी-बारिश ने दी दस्तक; किसानों के चेहरे पर छाई ... AAP में खलबली! राघव चड्ढा के समर्थन में उतरे भगवंत मान; बोले— "जेल और जांच से नहीं डरते केजरीवाल के ... नोएडा की सड़कों पर 'मौत' का पहरा! आवारा कुत्तों ने पूर्व अधिकारी को बुरी तरह नोंचा; लहूलुहान हालत मे... बंगाल चुनाव में 'सुरक्षा' पर संग्राम! TMC से जुड़े लोगों के साथ 2100 पुलिसकर्मी तैनात; चुनाव आयोग ने... नाई की दुकान में 'मौत का प्लान'! रेलवे सिग्नल बॉक्स उड़ाने की थी साजिश; UP ATS ने ऐसे दबोचे 4 संदिग्...

बड़ी खबर: ईरान में ‘जख्मी’ खामेनेई ने संभाली कमान, 1981 के उस हमले की यादें हुई ताजा; इजरायल-अमेरिका के खिलाफ जंग का नया ऐलान!

जंग में झुलसे ईरान को अपने इतिहास का सबसे बड़ा झटका लगा है. 28 फरवरी 2026 को अमेरिका और इजराइल के हमले में अयातुल्लाह अली खामेनेई की मौत हो गई. इसी हमले में उनके बेटे मुज्तबा खामेनेई भी घायल हो गए हैं. मुज्तबा को अब ईरान के सुप्रीम लीडर के पद पर नियुक्त किया गया है. इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान के इतिहास में यह एक विचित्र संयोग ही माना जाएगा कि अयातुल्लाह अली खामेनेई भी सुप्रीम लीडर बनने से पहले एक बम अटैक में घायल हुए थे और उनका राइट ने हमेशा के लिए काम करना बंद कर दिया था.

अब, उनके बेटे मुज्तबा खामेनेई पर सुप्रीम लीडर नियुक्त किए जाने से महज कुछ दिन पहले जो हमला हुआ उसमें उनके एक पैर के बुरी तरह क्षतिग्रस्त होने की खबर है. यानी ईरान को पिछले दोनों सुप्रीम लीडर जख्मी होने के बाद मिले हैं और हिस्ट्री फिर रिपीट हुई है.

अली खामेनेई मस्जिद में हुए थे घायल

27 जून 1981 को तेहरान की एक मस्जिद में नमाज के बाद एक भाषण देते समय अली खामेनेई के सामने रखे टेप रिकॉर्डर में लगे बम में धमाका हुआ था. इस बम विस्फोट में खामेनेई का दाहिना हाथ बुरी तरह क्षतिग्रस्त हुआ था. महीनों अस्पताल में रहने के बाद भी उनका दाहिना हाथ हमेशा के लिए लकवाग्रस्त हो गया.

उस समय वे राष्ट्रपति थे. आयतुल्लाह खुमैनी की मृत्यु के बाद 1989 में वे सुप्रीम लीडर बने और 2026 में अपनी मौत तक इस सर्वोच्च पद पर रहे. खामेनेई अपने राइट हैंड को आमतौर पर छुपाकर रखते थे और सभी काम लेफ्ट हैंड से करते थे.

अब मुज्तबा खामेनेई घायल हैं

28 फरवरी को जब अमेरिका और इजराइल ने ईरान पर ताबड़तोड़ हमले किए तो अली खामेनेई के बेटे मुज्तबा इसमें घायल हो गए. खामेनेई के आवास पर गिरे बंकर-बस्टर बमों ने महिलाओं और एक बच्चे समेत परिवार के कई लोगों की जान ले ली, मुज्तबा बच गए.

हालांकि, बताया जा रहा है कि वो गंभीर रूप से घायल हैं. रिपोर्ट्स के अनुसार, उनके दाहिने पैर में काफी चोट आई है. कुछ रिपोर्ट्स में ये भी दावा है कि उनका ये पैर काट दिया गया है. शरीर के अन्य हिस्सों में भी उन्हें चोट आई है. उनका अस्पताल में इलाज चल रहा है.

एक तरफ मुज्तबा खामेनेई गंभीर रूप से जख्मी हैं दूसरी तरफ 8 मार्च 2026 को आधिकारिक रूप से उन्हें ईरान का सुप्रीम लीडर घोषित कर दिया गया. 12 मार्च को उनके नाम से पहला संदेश भी जारी किया गया. हालांकि, वो खुद नजर नहीं आए, उनके संदेश को पढ़ा गया. अपने पहले बयान में ही मुज्तबा खामेनेई ने हॉर्मुज स्ट्रेट बंद रखने और पिता की मौत का बदला लेने की घोषणा की.