Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
BRICS Summit Indore: इंदौर में ब्रिक्स युवा उद्यमिता बैठक का भव्य शंखनाद; स्टार्टअप और ग्रीन बिजनेस ... Indore Honeytrap Case: इंदौर हनीट्रैप का नया और खतरनाक खुलासा; श्वेता जैन गिरोह ने दिल्ली के नेताओं ... Bhagalpur Vikshamsila Setu Update: विक्रमशिला सेतु बंद होने के बाद गंगा में शुरू हुई जहाज सेवा; एक स... Bhopal Twisha Sharma Case: ट्विशा शर्मा मामले में पूर्व सैनिकों का बड़ा फूटा गुस्सा; शौर्य स्मारक से... Bihar Traffic Rules: बिहार में नाबालिगों के गाड़ी चलाने पर ₹25,000 जुर्माना, अभिभावकों को 3 महीने की... Weather Update Today: देश में मौसम की दोहरी मार; दिल्ली-यूपी में भीषण लू का रेड अलर्ट, तो बिहार-झारख... Dholpur Crocodile Attack: धौलपुर में दर्दनाक हादसा; चम्बल नदी किनारे बैठी 12 साल की बच्ची को खींच ले... CBI Action on Builders: घर खरीदारों से धोखाधड़ी मामले में CBI का बड़ा एक्शन; SBI अफसरों और मंजू जे ह... IPL 2026 KKR vs MI: प्लेऑफ की रेस में बने रहने के लिए कोलकाता को हर हाल में चाहिए जीत; मुंबई बिगाड़े... Daisy Shah Bold Scenes: बिना इंटीमेसी कॉर्डिनेटर के कैसे शूट हुए थे 'हेट स्टोरी 3' के बोल्ड सीन? डेज...

संभल में शाही इमाम पर ‘बुलडोजर’ का साया! कोर्ट ने ठोका 6.94 करोड़ का जुर्माना; मस्जिद-दरगाह और घर को ‘अवैध’ घोषित कर बेदखली का आदेश

उत्तर प्रदेश के संभल जिले की ऐतिहासिक जामा मस्जिद के शाही इमामपर गंभीर आरोप लगे हैं. सरकारी जमीन पर अवैध निर्माण के आरोप में कोर्ट ने ईमाम और उनके भाई पर 6.94 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया है. प्रशासन के मुताबिक, गांव सैफ खां सराय में ग्राम समाज की जमीन पर मस्जिद, दरगाह और मकान बनाए जाने का आरोप है. इस मामले में तहसीलदार न्यायालय ने कब्जाधारियों को जमीन खाली करने का आदेश दिया है और भारी जुर्माना भी लगाया है.

प्रशासन का दावा है कि गांव सैफ खां सराय में ग्राम समाज की है. राजस्व रिकॉर्ड में इसे पौधारोपण के लिए आरक्षित बताया गया है. स्थानीय लेखपाल की रिपोर्ट में बताया गया है कि 1340 वर्ग मीटर जमीन पर संभल की ऐतिहासिक जमा मस्जिद के शाही इमाम मौलाना आफताब हुसैन वारसी और उनके भाई मेहताब हुसैन का मकान, मस्जिद और दरगाह बने हुए हैं. बताया जा रहा है कि यह निर्माण कई दशक पहले किया गया था. इस जमीन पर शाही ईमाम और उनके भाई का पूरी तरह से कब्जा है.

जमीन खाली करने का दिया निर्देश

मामले की जांच के बाद तहसीलदार की कोर्ट ने ईमाम और उनके भाई को जमीन खाली करने का निर्देश दिया है. साथ ही दोनों पर करीब 6.94 करोड़ रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है. प्रशासन के अनुसार, आदेश के बाद संबंधित पक्ष को 30 दिन का समय दिया गया है. यदि इस अवधि में जमीन खाली नहीं की जाती है तो राजस्व विभाग और स्थानीय प्रशासन कब्जा हटाने के लिए आगे की कार्रवाई करेगा. यानी मस्जिद, मकान और दरगाह को बुलडोजर चलेगा. प्रशासन के इस आदेश के बाद से गांव सैफ खां सराय में हडकंप मचा हुआ है. बताया जा रहा है कि ईमाम और उनके भाई का परिवार यहां रहता है.

कोर्ट ने ईमाम का सुना पक्ष

वहीं कोर्ट में सुनवाई के दौरान ईमाम मौलाना आफताब हुसैन वारसी ने इस जमीन को वक्फ संपत्ति बताते हुए आपत्ति दर्ज कराई थी. इमाम पक्ष की ओर से कहा गया कि यह स्थान एक धार्मिक स्थल है और मस्जिद व मजार का निर्माण कई वर्ष पहले हुआ था. उनका कहना है कि यह परिसर वक्फ बोर्ड में दर्ज है और यहां होने वाले धार्मिक कार्यक्रम प्रशासन की जानकारी में आयोजित होते रहे हैं. हालांकि राजस्व विभाग का कहना है कि उपलब्ध अभिलेखों के आधार पर जमीन ग्राम समाज की है और उस पर किए गए निर्माण को वैध नहीं माना जा सकता. यह मामला सामने आने के बाद पूरे जिले में सरकारी जमीनों पर कब्जे को लेकर प्रशासन की सख्ती भी चर्चा का विषय बन गई है.

17 मस्जिदें, 12 मजारें और दो मदरसों पर चला बुलडोजर

संभल जिले में प्रशासन द्वारा अवैध निर्माण के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है. इसी क्रम में पहले भी कई स्थानों पर कार्रवाई की जा चुकी है. सलेमपुर सालार, राया बुजुर्ग और नरौली जैसे क्षेत्रों में अवैध निर्माण हटाए गए हैं. प्रशासनिक आंकड़ों के अनुसार अब तक जिले में लगभग 17 मस्जिदें, 12 मजारें और दो मदरसों को अतिक्रमण मुक्त कराया जा चुका है. इसके अलावा कुछ अन्य स्थानों पर भी नोटिस जारी कर आगे की कार्रवाई की प्रक्रिया जारी है.