Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Dewas Firecracker Factory Blast: देवास पटाखा फैक्ट्री ब्लास्ट में मौतों का आंकड़ा हुआ 6, आरोपियों पर... Delhi Infrastructure: पीएम गतिशक्ति से मजबूत हुई दिल्ली की कनेक्टिविटी, 'इग्जेम्प्लर' श्रेणी में राज... LU Paper Leak Scandal: 'तुम्हारे लिए पेपर आउट करा दिया है', ऑडियो वायरल होने के बाद असिस्टेंट प्रोफे... Jaunpur News: सपा सांसद प्रिया सरोज की AI जेनरेटेड आपत्तिजनक फोटो वायरल, बीजेपी नेता समेत 2 पर FIR द... Kashmir Terror Hideout: बांदीपोरा में सुरक्षाबलों का बड़ा एक्शन, 'सर्च एंड डिस्ट्रॉय' ऑपरेशन में आतं... Delhi News: दिल्ली में सरकारी दफ्तरों का समय बदला, सीएम रेखा गुप्ता ने ईंधन बचाने के लिए लागू किए कड... Maharashtra IPS Transfer: महाराष्ट्र में 96 IPS अफसरों के तबादले, '12th Fail' वाले मनोज शर्मा बने मु... Aurangabad News: औरंगाबाद के सरकारी स्कूल में छात्रा से छेड़छाड़, टीसी देने के बहाने घर बुलाने का आर... Asansol Violence: आसनसोल में लाउडस्पीकर चेकिंग के दौरान बवाल, पुलिस चौकी पर पथराव और तोड़फोड़ Sabarimala Temple: सबरीमाला मंदिर के कपाट मासिक पूजा के लिए खुले, दर्शन के लिए वर्चुअल बुकिंग अनिवार...

खाड़ी क्षेत्र में जारी युद्ध के बीच ही यूक्रेन पर भी हमला जारी

खारकीव पर रूस का भीषण हमला

कीवः गत 7 मार्च को यूक्रेन के दूसरे सबसे बड़े शहर खारकीव से आई खबरें रूह कंपा देने वाली हैं। रिपोर्ट के अनुसार, शनिवार की पूरी रात रूस ने यूक्रेन पर ड्रोनों और मिसाइलों की एक विनाशकारी बौछार की। इस हमले में उत्तर-पूर्वी शहर खारकीव को मुख्य रूप से निशाना बनाया गया, जहाँ बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुँचने के साथ-साथ कम से कम 10 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई है।

मरने वालों में दो मासूम बच्चे भी शामिल हैं, जो इस युद्ध की संवेदनहीनता का सबसे दुखद चेहरा हैं। खारकीव के मेयर इहोर तेरेखोव और क्षेत्रीय अभियोजकों के अनुसार, मरने वालों की संख्या बढ़कर 11 तक पहुँच सकती है, क्योंकि मलबे के नीचे से अभी भी शवों की तलाश जारी है।

यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने टेलीग्राम ऐप के माध्यम से इस क्रूर और जंगली हमले की कड़ी निंदा की। उन्होंने बताया कि रूस का मुख्य लक्ष्य यूक्रेन के ऊर्जा क्षेत्र और देश भर के रेलवे नेटवर्क को पंगु बनाना था। यह स्पष्ट है कि रूस अब युद्ध के उस चरण में है जहाँ वह यूक्रेन की रीढ़ की हड्डी माने जाने वाले नागरिक बुनियादी ढांचे को नष्ट करके जनता का मनोबल तोड़ना चाहता है।

जेलेंस्की ने अंतरराष्ट्रीय भागीदारों से इस हमले का कड़ा जवाब देने का आह्वान किया है। उन्होंने दोहराया कि रूस यूक्रेन के आवासीय क्षेत्रों और महत्वपूर्ण सेवाओं को नष्ट करने के अपने प्रयासों से पीछे नहीं हटा है, इसलिए पश्चिमी देशों को अपनी वायु रक्षा प्रणाली और हथियारों की आपूर्ति निरंतर जारी रखनी चाहिए।

क्षेत्रीय रिपोर्टों के अनुसार, शनिवार को ही रूसी सीमा के पास एक गाँव में एक डाकघर के पास हुए एक अलग ड्रोन हमले में दो अन्य नागरिकों की जान चली गई। राष्ट्रपति जेलेंस्की ने अपने रात्रिकालीन वीडियो संबोधन में इस स्थिति को भयानक बताया और कहा कि अन्य क्षेत्रों के विशेषज्ञों सहित बचाव दल अभी भी मलबे को साफ करने और दबे हुए लोगों को निकालने के लिए कड़े संघर्ष कर रहे हैं। खारकीव की गलियां अब मलबे और टूटे हुए सपनों का ढेर बन चुकी हैं, जहाँ हर गिरती हुई इमारत एक नई मानवीय कहानी का अंत कर रही है।

सैन्य आंकड़ों की बात करें तो, यूक्रेनी वायु सेना ने असाधारण वीरता का परिचय देते हुए 453 ड्रोनों और 19 मिसाइलों को हवा में ही मार गिराया। हालांकि, डिफेंस शील्ड को भेदते हुए 9 मिसाइलें और 26 आत्मघाती ड्रोन 22 विभिन्न स्थानों पर प्रहार करने में सफल रहे। ये आंकड़े बताते हैं कि यूक्रेन की वायु रक्षा प्रणाली पर दबाव चरम पर है और उसे तत्काल आधुनिक इंटरसेप्टर मिसाइलों की आवश्यकता है। यह हमला एक बार फिर साबित करता है कि 2026 में भी यूक्रेन युद्ध थमने के बजाय और अधिक हिंसक और विनाशकारी रूप अख्तियार करता जा रहा है, जिसका खामियाजा निर्दोष नागरिकों को भुगतना पड़ रहा है।