मध्य पूर्व के तमाम हवाई अड्डों पर भारी अराजकता
दुबईः ईरान पर अमेरिका और इजरायल के हमलों के बाद मध्य पूर्व में उड़ानें निलंबित होने के कारण इटली के रक्षा मंत्री गुइडो क्रोसेटो अपने परिवार के साथ दुबई में फंस गए हैं। मंत्रालय के करीबी सूत्रों ने पुष्टि की है कि श्री क्रोसेटो शुक्रवार शाम रोम से एक नागरिक उड़ान के जरिए दुबई पहुंचे थे, जहां उनका परिवार पहले से ही छुट्टियां मना रहा था। उन्हें शनिवार दोपहर इटली वापस लौटना था, लेकिन हवाई क्षेत्र बंद होने के कारण उनकी वापसी रुक गई है।
इटली की प्रमुख एयरलाइन आईटीए एयरवेज सहित अमीरात, कतर एयरवेज और एतिहाद ने अपनी सेवाएं पूरी तरह बंद कर दी हैं। विमानन विश्लेषण फर्म सीरियम के आंकड़ों के अनुसार, दुबई, दोहा और अबू धाबी जैसे मेगा-हब से प्रतिदिन लगभग 90,000 ट्रांजिट यात्री गुजरते हैं। उड़ानों के अचानक रद्द होने से ये हजारों यात्री अब अधर में लटके हुए हैं।
दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट से सामने आ रही तस्वीरें और बयान डरावने हैं। अमेरिका जा रहे एक यात्री जयवीर चीमा ने बताया कि उन्हें बिना भोजन के पांच घंटे तक विमान के अंदर ही बिठाए रखा गया, जिसके बाद उन्हें भीड़भाड़ वाले टर्मिनल में भेज दिया गया। यात्रियों का आरोप है कि सुरक्षाकर्मियों और एयरलाइन कर्मचारियों के पास कोई स्पष्ट जवाब नहीं है, जिससे हवाई अड्डे पर अराजकता की स्थिति बनी हुई है। सैकड़ों यात्री 20-20 घंटे से कतारों में खड़े हैं। कई लोगों को होटल वाउचर मिलने के बाद भी कमरे उपलब्ध नहीं हो पा रहे हैं।
यह व्यवधान केवल मध्य पूर्व तक सीमित नहीं है। लंदन और अमेरिका से इस क्षेत्र की ओर आने वाली उड़ानों को या तो रद्द कर दिया गया है या बीच रास्ते से ही मोड़ दिया गया है। एयरलाइंस ने सोशल मीडिया के माध्यम से यात्रियों को चेतावनी दी है कि ग्राहक सेवा लाइनों पर प्रतीक्षा समय बहुत लंबा हो सकता है। यदि परिचालन जल्द शुरू नहीं हुआ, तो फंसे हुए लोगों और विमानों की यह संख्या पूरी दुनिया में एक स्नोबॉल इफेक्ट (तेजी से बढ़ती समस्या) पैदा कर सकती है।