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फिलीपींस के पूर्व राष्ट्रपति दुतेर्ते पर आरोप

अंतरराष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय में महत्वपूर्ण मामला चालू

हेगः आज वैश्विक मानवाधिकारों और अंतरराष्ट्रीय न्याय प्रणाली के लिए एक बड़ा दिन है। हेग स्थित अंतरराष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय ने फिलीपींस के पूर्व राष्ट्रपति रोड्रिगो दुतेर्ते के कार्यकाल के दौरान चलाए गए विवादित ड्रग वार से संबंधित मामलों की औपचारिक सुनवाई शुरू कर दी है। दुतेर्ते पर मानवता के खिलाफ अपराधों का आरोप है, जो उनके राष्ट्रपति रहने के दौरान (2016-2022) कथित तौर पर अंजाम दिए गए थे।

2016 में सत्ता संभालने के बाद, रोड्रिगो दुतेर्ते ने नशीली दवाओं के तस्करों और उपयोगकर्ताओं के खिलाफ एक बेहद आक्रामक और हिंसक अभियान शुरू किया था। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, इस अभियान में लगभग 6,000 से अधिक लोग मारे गए, लेकिन अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संगठनों और स्वतंत्र जांचकर्ताओं का दावा है कि यह संख्या 20,000 से 30,000 के बीच हो सकती है। आरोप है कि पुलिस और अज्ञात बंदूकधारियों ने बिना किसी कानूनी प्रक्रिया के संदिग्धों को मौत के घाट उतार दिया।

दुतेर्ते प्रशासन ने इस जांच का कड़ा विरोध किया था और 2019 में फिलीपींस को आईसीसी की सदस्यता से बाहर कर लिया था। हालांकि, न्यायालय का तर्क है कि जब अपराध हुए थे, तब फिलीपींस इसका सदस्य था, इसलिए उन घटनाओं की जांच का अधिकार ICC के पास सुरक्षित है। आज की सुनवाई में अभियोजकों ने उन सबूतों को प्रस्तुत करना शुरू किया है जो दिखाते हैं कि हत्याएं व्यक्तिगत घटनाओं का परिणाम नहीं थीं, बल्कि एक राज्य प्रायोजित नीति का हिस्सा थीं।

यह सुनवाई केवल फिलीपींस तक सीमित नहीं है, बल्कि यह दुनिया भर के उन नेताओं के लिए एक सख्त संदेश है जो सत्ता का दुरुपयोग कर मानवाधिकारों का उल्लंघन करते हैं। पीड़ितों के परिवारों के लिए यह न्याय की एक किरण है, जिन्होंने वर्षों तक डर के साये में रहकर इस दिन का इंतजार किया है।

यदि दुतेर्ते दोषी पाए जाते हैं, तो यह अंतरराष्ट्रीय कानून के इतिहास में एक मील का पत्थर साबित होगा, क्योंकि यह किसी देश के पूर्व प्रमुख को सीधे तौर पर उनकी नीतियों के लिए जिम्मेदार ठहराने का दुर्लभ मामला है। फिलहाल, दुतेर्ते और उनके समर्थकों का दावा है कि यह पूरी प्रक्रिया संप्रभुता का उल्लंघन है और ड्रग वार देश को अपराध मुक्त बनाने के लिए आवश्यक था। अंतरराष्ट्रीय समुदाय और मानवाधिकार निकाय अब इस कानूनी प्रक्रिया के हर चरण पर बारीकी से नजर रखे हुए हैं।