राष्ट्रपति लूला की भारत यात्रा की तैयारियां
राष्ट्रीय खबर
नई दिल्ली: अगले सप्ताह ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज इनासियो लूला डा सिल्वा की भारत की आधिकारिक यात्रा के दौरान दोनों देशों के बीच होने वाले समझौतों की शर्तों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। इन समझौतों से भारत के फार्मास्युटिकल (दवा) निर्यात, आवश्यक खनिजों के व्यापार और नागरिक उड्डयन क्षेत्र को महत्वपूर्ण बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
ब्राजील के राष्ट्रपति की 18-22 फरवरी की यात्रा से पहले भारत में ब्राजील के राजदूत, केनेथ एच दा नोब्रेगा ने बताया कि दोनों देशों के बीच जन-संपर्क को भी एक बड़ा प्रोत्साहन मिलेगा। ब्राजील ने भारतीय पर्यटकों के लिए 10-वर्षीय मल्टीपल एंट्री वीजा प्रणाली शुरू करने की घोषणा की है। इसके साथ ही, राजदूत ने संकेत दिया कि द्विपक्षीय व्यापार और निवेश में वृद्धि को देखते हुए ब्राजील भारतीय पेशेवरों के लिए बिजनेस वीजा नियमों को भी आसान बना रहा है।
नोब्रेगा के अनुसार, स्वास्थ्य क्षेत्र से संबंधित समझौता ज्ञापन दोनों देशों के लिए लाभकारी साबित होगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि ब्राजील की सार्वजनिक स्वास्थ्य प्रणाली को दवाओं की भारी मात्रा में आवश्यकता होती है। भारतीय दवा निर्यातक अपनी प्रतिस्पर्धी कीमतों और गुणवत्ता के कारण इस बाजार की जरूरतों को पूरा करने के लिए पूरी तरह सक्षम हैं।
इसके अतिरिक्त, ब्राजील अपने महत्वपूर्ण खनिज क्षेत्र को विकसित कर रहा है और इस क्षेत्र में भी एक समझौते की उम्मीद है। भारत की नजर लातिन अमेरिकी महाद्वीप में मौजूद खनिजों के विशाल भंडार पर है, जो भारत की भविष्य की ऊर्जा और औद्योगिक जरूरतों के लिए रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण है।
राजदूत ने यह भी जानकारी दी कि राष्ट्रपति लूला की यात्रा के दौरान अदानी समूह और ब्राजील की विमानन कंपनी एम्ब्रेयर के बीच एक दूसरे समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर होने की संभावना है। यह समझौता भारत के नागरिक उड्डयन और रक्षा क्षेत्र में तकनीकी सहयोग के नए द्वार खोल सकता है। यह यात्रा न केवल कूटनीतिक संबंधों को मजबूत करेगी, बल्कि दक्षिण-दक्षिण सहयोग के ढांचे के भीतर आर्थिक साझेदारी को एक नई ऊंचाई प्रदान करेगी।