Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
महाराष्ट्र कार्य संचालन नियम 2026 संशोधित: CM किसी भी विभाग से मंगा सकेंगे फाइलें, मुख्य सचिव को भी ... पानीपत के सिविल अस्पताल में सीटी स्कैन कक्ष में बीमार महिला से छेड़छाड़, पीजीआई में मौत हरिद्वार कांवड़ मेले में डीजे के शोर से भारी ध्वनि प्रदूषण, तीर्थनगरी छोड़ भागे पक्षी अयोध्या राम मंदिर चंदा चोरी केस: ट्रस्ट को सौंपी गई SIT की अंतिम रिपोर्ट, पूर्व ट्रस्टी के दो करीबिय... आजम खान के 10 ठिकानों पर ED की बड़ी कार्रवाई: जौहर ट्रस्ट और यूनिवर्सिटी से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग केस... देश में मॉनसून का विकराल रूप: बंगाल की खाड़ी में डीप डिप्रेशन से कई राज्यों में भारी बारिश, IMD का अ... भाषण से भरोसा अब नहीं आ पायेगा व्हाइट हेलमेट बचावकर्मी की हिरासत में मौत की जांच प्रारंभ तेलचट्टों ने देश की सोच ही बदल डाली है सुप्रीम कोर्ट ने केंद्रीय एजेंसियों को फिर से फटकार लगायी

उदयपुर में दर्दनाक हादसा! एनिकट पर नहाते समय 4 मासूम बच्चे डूबे, पूरे इलाके में मातम

राजस्थान के उदयपुर जिले के डबोक थाना क्षेत्र में शनिवार को एक एनिकट (छोटे बांध) में डूबने से चार मासूम बच्चों की मौत हो गई. सभी बच्चे 12 से 15 साल की उम्र के बताए जा रहे हैं. घटना की जानकारी मिलने के बाद तुरंत मौके पर पुलिस और प्रशासन अधिकारी अमले के साथ पहुंचे. हालांकि तब तक ग्रामीणों ने बच्चों के शव बाहर निकाल लिए और परिजनों को सौंप दिए. वहीं एनिकट के किनारे पर 5 बच्चों के कपड़े मिले हैं जिसकी वजह से पांचवें बच्चे की तलाश की जा रही है.

पुलिस ने बताया कि यह पूरी घटना डबोक थाना क्षेत्र के भमरासिया घाटी काकरनाडा, लक्ष्मणपुरा पावर हाउस के पास की है. मृतक बच्चे कालबेलिया समाज से थे और जोगी बस्ती के रहने वाले थे. चारों में तीन लड़के और एक लड़की शामिल हैं. बताया जा रहा है कि बच्चे नहाने के लिए एनिकट में गए थे, लेकिन पानी गहरा होने की वजह से वे बाहर नहीं निकल पाए और डूब गए.

घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और तुरंत बच्चों को बाहर निकालने की कोशिश की. थोड़ी देर बाद राजस्थान नागरिक सुरक्षा विभाग की टीम भी घटनास्थल पर पहुंची. तब तक ग्रामीणों ने सभी शवों को बाहर निकाल लिया था और पुलिस को सूचना दे दी गई थी. पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है.

एक और बच्चे की तलाश

मौके पर जब जांच की गई तो वहां पांच जोड़ी कपड़े मिले. इससे शक हुआ कि शायद एक और बच्चा पानी में हो सकता है. इस संभावना को ध्यान में रखते हुए नागरिक सुरक्षा विभाग की टीम जिनमें विजय नकवाल, विपुल चौधरी, दिनेश गमेती, सचिन कंडारा, प्रकाश राठौड़, जगदीश कुमावत और वाहन चालक कैलाश मेनारिया शामिल थे, ने सर्च ऑपरेशन चलाया. हालांकि देर शाम तक कोई और शव नहीं मिला.

इलाके में पसरा मातम

इस दर्दनाक हादसे से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर छा गई है. गांव के लोग और परिजन गहरे सदमे में हैं. पुलिस ने बताया कि मामले की जांच जारी है और मृत बच्चों के परिवारों को हर संभव मदद दी जाएगी.