Breaking News in Hindi

भाजपा ने पश्चिम बंगाल चुनाव में मीडिया को काफी उपकृत किया

चुनाव के दौरान 286 करोड़ रुपये बांटे गये थे

चुनाव आयोग के दस्तावेजों से खुलासा

हर स्तर पर यह पैसा बांटा गया था

मीडिया इनफ्लूयेंशरों को भी माल मिला

राष्ट्रीय खबर

नईदिल्लीः भारतीय जनता पार्टी ने भारत के चुनाव आयोग को सौंपी गई रिपोर्ट में पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव पर 286.99 करोड़ रुपये और केरल विधानसभा चुनाव पर 82.67 करोड़ रुपये खर्च होने की जानकारी दी है। ये दोनों राज्य ऐसे थे जहां एक ही समय-सीमा के दौरान चुनाव संपन्न हुए थे। यह वित्तीय विवरण 15 मार्च (जब चुनाव की घोषणा की गई थी) से लेकर 6 मई (जब चुनाव प्रक्रिया पूरी हुई) तक की अवधि को कवर करता है। इस रिपोर्ट को देरी के लिए खेद जताने वाले एक कवरिंग लेटर के साथ, कार्यालय सचिव महेंद्र कुमार पांडे के हस्ताक्षर से 25 अगस्त को चुनाव आयोग को जमा किया गया था।

साल 2026 में हुए सभी पांच विधानसभा चुनावों में बीजेपी द्वारा कुल 529.38 करोड़ रुपये खर्च किए गए, जिसमें अकेले पश्चिम बंगाल का हिस्सा आधे से अधिक था। यदि इन आंकड़ों की तुलना की जाए तो अंतर और भी अधिक स्पष्ट नजर आता है। पश्चिम बंगाल में 294 विधानसभा सीटें हैं और केरल में 140 सीटें हैं। इस प्रकार कुछ खर्चों का अंतर राज्यों के आकार के कारण हो सकता है, लेकिन अधिकांश अंतर इसके कारण नहीं है। बंगाल में प्रति सीट बीजेपी का खर्च लगभग 97.6 लाख रुपये आया, जबकि केरल में यह खर्च 59 लाख रुपये प्रति सीट रहा।

बंगाल के कुल खर्च को दो भागों में बांटा जा सकता है – जिसमें सामान्य पार्टी प्रचार पर 217.16 करोड़ रुपये और उम्मीदवारों तथा उनसे जुड़े खर्चों पर 69.83 करोड़ रुपये खर्च किए गए। बैंक ट्रांसफर के जरिए कुल 58.80 करोड़ रुपये आए। हालांकि, दोनों ही राज्यों में किसी भी उम्मीदवार विशेष के लिए मीडिया विज्ञापन पर कुछ भी खर्च घोषित नहीं किया गया है। केंद्रीय मुख्यालय ने अलग से 24 मार्च, 7 अप्रैल और 6 मई को तीन किश्तों में बंगाल राज्य इकाई को 225 करोड़ रुपये ट्रांसफर किए, जो कि पार्टी के भीतर ही धन का लेन-देन है।

बंगाल के कुल खर्च में से 88.48 करोड़ रुपये यानी 30.8 प्रतिशत हिस्सा मीडिया विज्ञापनों पर खर्च हुआ। वहीं, केरल ने अपने काफी छोटे बजट का एक बड़ा हिस्सा मीडिया पर खर्च किया। पार्टी के केंद्रीय कार्यालय ने इस मीडिया खर्च में से 55.77 करोड़ रुपये का हिसाब दिया, जिसमें से तीन मुख्य प्रविष्टियों में लगभग पूरी राशि खर्च हो गई।

गूगल इंडिया को 24.88 करोड़ रुपये, सीएनएक्स मीडिया को 18.24 करोड़ रुपये और फेसबुक इंडिया ऑनलाइन सर्विसेज को 6.51 करोड़ रुपये मिले। कुल मिलाकर यह राशि 49.63 करोड़ रुपये यानी दिल्ली द्वारा बंगाल मीडिया पर खर्च की गई कुल राशि का 89 प्रतिशत है। गूगल और फेसबुक केरल के खर्च कॉलम में भी दिखाई देते हैं, जहां उन्हें क्रमशः 4.34 करोड़ रुपये और 1.96 करोड़ रुपये मिले। इस प्रकार बंगाल को गूगल से 5.7 गुना और फेसबुक से 3.3 गुना अधिक राशि मिली।

सीएनएक्स मीडिया का नाम केवल बंगाल के खर्च विवरण में दिखाई देता है। यह इस सूची में भुगतान प्राप्त करने वाली दूसरी सबसे बड़ी एकल संस्था है, जिसे मीडिया विज्ञापन के तहत दर्ज किया गया है और इसकी तारीख पूरे चुनाव प्रचार अभियान की अवधि को कवर करती है।