राज्य मेंचल रहे एसआईआर के प्रति मुख्यमंत्री ने सतर्क का
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जूम बैठक के दौरान हिदायत दी
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मतदाता सूची की तैयारी पर ध्यान दें
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गांव के सरपंच भी पूरा सतर्क रहा करें
राष्ट्रीय खबर
हैदराबाद: तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने बुधवार को कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं और कार्यकर्ताओं को विशेष सघन पुनरीक्षण (एसआईआर) कार्यक्रम को हल्के में न लेने की सख्त चेतावनी दी है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि वास्तविक मतदाताओं के मताधिकार की रक्षा के लिए मतदाता सूची का यह संशोधन अत्यंत महत्वपूर्ण है और इस प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
गुरुवार से तेलंगाना भर में शुरू होने वाले इस एसआईआर अभियान के मद्देनजर, मुख्यमंत्री ने एक ज़ूम कॉन्फ्रेंस के माध्यम से मंत्रियों, विधायकों, सांसदों और निर्वाचन क्षेत्र के प्रभारियों को संबोधित किया। इस बैठक में टीपीसीसी अध्यक्ष महेश कुमार गौड़ और एआईसीसी तेलंगाना प्रभारी मीनाक्षी नटराजन भी उपस्थित थे। बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने इस बात पर गंभीर नाराजगी जताई कि कुछ क्षेत्रों में पार्टी पदाधिकारी इस चुनावी प्रक्रिया को गंभीरता से नहीं ले रहे हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि नेताओं की इस लापरवाही के कारण पार्टी को नुकसान हुआ, तो वे मूकदर्शक नहीं बने रहेंगे और अनुशासनात्मक कार्रवाई करने में संकोच नहीं करेंगे।
रेवंत रेड्डी ने स्पष्ट रूप से कहा कि मतदाता सूची के पुनरीक्षण में कोई भी चूक गरीबों और समाज के कमजोर वर्गों के लिए घातक साबित हो सकती है, जिससे उनके मताधिकार छिन सकते हैं। उन्होंने कहा, हर पात्र वोट को सुरक्षित रखना पार्टी का प्राथमिक उद्देश्य होना चाहिए। मुख्यमंत्री ने कांग्रेस के सरपंचों को गांवों में व्यापक जागरूकता अभियान चलाने और लोगों को मतदाता सत्यापन प्रक्रिया के महत्व के बारे में शिक्षित करने का निर्देश दिया है। उन्होंने यह भी बताया कि उनके पास जिला-वार आयोजित जागरूकता बैठकों की पूरी रिपोर्ट और भागीदारी का डेटा मौजूद है, जिससे वे प्रत्येक नेता की कार्यप्रणाली पर नजर रख रहे हैं।