सीबीएसई की तकनीकी अक्षमता का और प्रमाण मिले
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पोर्टल के जरिए आवेदन जमा हो रहे
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भुगतान बैंक गेटवे की जानकारी दी
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उत्तरपुस्तिकाओं के मूल्यांकन पर सवाल
राष्ट्रीय खबर
नईदिल्लीः केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने खुद जानकारी दी है कि बुधवार दोपहर तक कक्षा 12वीं के 40,000 से अधिक छात्रों ने अपनी उत्तर पुस्तिकाओं के सत्यापन और पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन किया है। बोर्ड द्वारा जारी एक आधिकारिक बयान के अनुसार, बुधवार दोपहर 12 बजे तक पोर्टल पर सत्यापन के लिए 4,924 और पुनर्मूल्यांकन के लिए 39,056 आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिन्हें मिलाकर कुल संख्या 43,980 हो गई है।
भुगतान प्रक्रिया और पोर्टल की जानकारी बोर्ड ने छात्रों को सूचित किया है कि वे आवेदन शुल्क का भुगतान भारतीय स्टेट बैंक, केनरा बैंक, बैंक ऑफ बड़ौदा या इंडियन बैंक के भुगतान गेटवे के माध्यम से कर सकते हैं। सीबीएसई ने स्पष्ट किया है कि भुगतान पूरा करने के लिए छात्रों का इन बैंकों में खाता होना अनिवार्य नहीं है; वे किसी भी भुगतान गेटवे का उपयोग करके प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं।
बता दें कि बोर्ड ने पहले घोषणा की थी कि उत्तर पुस्तिकाओं के सत्यापन और पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन प्रक्रिया 29 मई से शुरू होने की उम्मीद थी, लेकिन तकनीकी कारणों से पोर्टल को 2 जून को लॉन्च किया गया। इस देरी और आवेदन प्रक्रिया को लेकर छात्रों तथा अभिभावकों ने इस वर्ष सीबीएसई द्वारा लागू की गई नई ऑन-स्क्रीन मार्किंग मूल्यांकन प्रणाली को लेकर अपनी चिंताएं भी व्यक्त की थीं।
महत्वपूर्ण निर्देश बोर्ड ने छात्रों को सलाह दी है कि वे अपने आवेदन 6 जून की आधी रात तक हर हाल में जमा कर दें। आवेदन प्रक्रिया के परिणामों के बारे में प्रक्रिया पूरी होने के बाद सूचित किया जाएगा। छात्रों की सहायता के लिए बोर्ड ने एक विजुअल गाइड और ट्यूटोरियल वीडियो भी उपलब्ध कराया है, ताकि वे बिना किसी कठिनाई के पूरी प्रक्रिया को समझ सकें।
सुरक्षा मानक और विवाद बोर्ड ने यह भी उल्लेख किया है कि आवेदकों की सुरक्षा के मद्देनजर आवेदक सत्यापन प्रक्रिया को अनिवार्य बनाया गया है। इसमें आवेदकों की पहचान के लिए आधारित सत्यापन प्रणाली का उपयोग किया जा रहा है। गौरतलब है कि इस सत्यापन को अनिवार्य बनाना सर्वोच्च न्यायालय के एक पूर्व निर्णय के विपरीत होने के बावजूद बोर्ड ने इसे सुरक्षा कारणों से लागू रखा है।