पूर्व राष्ट्रपति रुमेन रादेव को मिली है बढ़त
एजेंसियां
सोफियाः एग्जिट पोल के नतीजों ने यूरोपीय राजनीति में हलचल मचा दी है। रविवार को हुए मतदान के बाद जारी आंकड़ों के अनुसार, रूस समर्थक पूर्व राष्ट्रपति रुमेन रादेव एक ऐतिहासिक और प्रचंड जीत की ओर बढ़ रहे हैं। यह परिणाम न केवल बुल्गारिया में वर्षों से जारी राजनीतिक अस्थिरता को समाप्त कर सकता है, बल्कि यूरोपीय संघ (EU) के इस सदस्य देश की विदेश नीति की दिशा को भी पूरी तरह से बदल सकता है।
सोफिया स्थित अल्फा रिसर्च द्वारा जारी अद्यतन एग्जिट पोल के मुताबिक, रादेव की प्रोग्रेसिव बुल्गारिया पार्टी को लगभग 44 प्रतिशत मत मिलने का अनुमान है। यह आंकड़ा उनके निकटतम प्रतिद्वंद्वी और पूर्व प्रधानमंत्री बोयको बोरिसोव के नेतृत्व वाली जीईआरबी पार्टी से कहीं अधिक है, जिसे मात्र 12.5 फीसद वोट मिलने की संभावना जताई गई है। यदि ये नतीजे आधिकारिक परिणामों में तब्दील होते हैं, तो यह एक पीढ़ी में किसी एक पार्टी द्वारा किया गया सबसे शानदार प्रदर्शन होगा। इससे पिछले पांच वर्षों में हुए आठ चुनावों के कारण उत्पन्न हुई अस्थिरता पर विराम लगने की उम्मीद है।
अपनी जीत की संभावनाओं पर प्रतिक्रिया देते हुए रुमेन रादेव ने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, प्रोग्रेसिव बुल्गारिया ने निर्णायक जीत हासिल की है। यह अविश्वास पर आशा की, भय पर स्वतंत्रता की और अंततः नैतिकता की जीत है। रादेव, जो एक पूर्व फाइटर पायलट हैं और यूक्रेन को सैन्य सहायता देने के कड़े विरोधी माने जाते हैं, ने इस साल जनवरी में राष्ट्रपति पद से इस्तीफा दे दिया था ताकि वे संसदीय चुनाव लड़ सकें। उन्होंने भ्रष्टाचार और दशकों से राजनीति पर काबिज पुरानी पार्टियों के खिलाफ जनता के बीच पनपे आक्रोश का सफलतापूर्वक लाभ उठाया।
बुल्गारिया, जिसकी जनसंख्या लगभग 65 लाख है, लंबे समय से राजनीतिक गतिरोध और भ्रष्टाचार की समस्याओं से जूझ रहा है। इस बार मतदान का प्रतिशत भी पिछले चुनावों की तुलना में बेहतर रहा है, जो जनता की बदलाव की इच्छा को दर्शाता है। विशेषज्ञों का मानना है कि रादेव की जीत से यूरोपीय संघ के भीतर रूस के प्रति बुल्गारिया के रुख में नरमी आ सकती है, जो पश्चिमी देशों के लिए एक चिंता का विषय हो सकता है। स्थानीय नागरिकों का मानना है कि इस स्पष्ट बहुमत के बाद देश में लंबे समय से लंबित सुधारों को गति मिल सकेगी।