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न्यूयॉर्क में बर्फीले तूफान का संकट

मौसम विभाग ने सारे लोगों को पूर्व चेतावनी दे दी

न्यूयार्कः न्यूयॉर्क शहर और उसके आसपास के त्रिकोणीय क्षेत्रों में कुदरत का कहर बरप रहा है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, एक बम चक्रवात की स्थिति विकसित हुई है, जिसके कारण बर्फीली हवाएं और भारी हिमपात एक साथ हो रहे हैं। न्यूयॉर्क के मेयर और गवर्नर ने पहले ही आपातकाल की स्थिति घोषित कर दी है, जिससे नागरिकों को घरों के अंदर रहने की सख्त सलाह दी गई है।

मौसम विभाग के अनुसार, किसी तूफान को ब्लिज़र्ड तब घोषित किया जाता है जब हवा की गति 35 मील प्रति घंटे (56 किमी/घंटा) से अधिक हो और भारी बर्फबारी के कारण दृश्यता लगातार तीन घंटे तक एक चौथाई मील से कम बनी रहे। न्यूयॉर्क में वर्तमान स्थिति इन मापदंडों को पार कर चुकी है, जहां कुछ क्षेत्रों में 12 से 18 इंच तक बर्फ जमा होने का अनुमान लगाया गया है।

इस भीषण तूफान का सबसे बड़ा असर यातायात पर पड़ा है। न्यूयॉर्क के प्रमुख हवाई अड्डों—जॉन एफ. कैनेडी, ला ग्वार्डिया, और नेवार्क—से संचालित होने वाली लगभग 3,000 से अधिक उड़ानें रद्द कर दी गई हैं। सड़कों पर ब्लैक आइस के खतरे के कारण सड़क यातायात लगभग ठप है और सबवे सेवाओं को भी सीमित कर दिया गया है।

बिजली की आपूर्ति को लेकर भी भारी चिंता जताई जा रही है। बर्फीली हवाओं के कारण पेड़ों के गिरने और बिजली की लाइनों के टूटने से हजारों घरों में अंधकार छाने की संभावना है। स्थानीय प्रशासन ने हीटिंग सेंटर्स खोल दिए हैं ताकि बेघर लोगों और बिना बिजली वाले नागरिकों को कड़ाके की ठंड से बचाया जा सके।

न्यूयॉर्क में आखिरी बार ऐसी भयावह स्थिति 2017 और उससे पहले 2015 में देखी गई थी। 9 साल बाद आई यह चेतावनी दर्शाती है कि वैश्विक जलवायु परिवर्तन के कारण मौसम के मिजाज में अप्रत्याशित बदलाव आ रहे हैं।

तापमान में गिरावट के साथ-साथ विंड चिल कारक के कारण महसूस होने वाली ठंड माइनस 15 डिग्री से से भी नीचे जा सकती है, जो फ्रॉस्टबाइट का कारण बन सकती है। नेशनल गार्ड को अलर्ट पर रखा गया है और सैकड़ों स्नो-प्लो मशीनें सड़कों से बर्फ हटाने के काम में जुटी हैं। नागरिकों से अपील की गई है कि वे अनावश्यक यात्रा से बचें और आपातकालीन किट तैयार रखें।