Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Himachal Crime: 'बेरोजगार, ऊपर से बीवी की कमाई...', ताने से भड़के पति ने पत्नी का गला रेता, फिर की ख... Supreme Court on Disability Pension: 'रोज 10 बीड़ी पीने से आया स्ट्रोक', पूर्व सैनिक की याचिका खारिज Punjabi Wedding Viral Video: क्या शादी में सच में उड़ाए 8 करोड़? जानिए नोटों की बारिश का सच Delhi Crime: 'पापा मुझे बचा लो...', बेटे की गुहार सुनकर दौड़े पिता को हमलावरों ने मारी गोली, मौत Shivpal Yadav on Brajesh Pathak: चोटी विवाद पर शिवपाल का डिप्टी सीएम पर वार, बोले- पाप तो आपको भी लग... Vaishno Devi Ropeway Protest: कटरा में भारी बवाल, बाजार बंद और होटलों के बाहर लगे विरोध के पोस्टर पृथ्वी की सतह के नीचे मिला अदृश्य महासागर मस्तिष्क के रहस्यमयी चौकीदार की पहचान हुई सोनम वांगचुक मामले में सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को फटकारा राफेल विमानों सौदे पर टिकीं दुनिया की नजरें

अब तो हाईकोर्ट से भरोसा ही उठ गया है

उन्नाव की पीड़िता की मां का स्पष्ट बयान

राष्ट्रीय खबर

नईदिल्लीः दिल्ली उच्च न्यायालय द्वारा उन्नाव बलात्कार मामले के मुख्य दोषी और पूर्व विधायक कुलदीप सिंह सेंगर की सजा निलंबित करने और उसे जमानत देने के फैसले ने पीड़िता के परिवार को गहरा आघात पहुँचाया है। इस निर्णय को चुनौती देने के लिए अब पीड़िता की माँ ने उच्चतम न्यायालय (सुप्रीम कोर्ट) का दरवाजा खटखटाने का निर्णय लिया है।

शुक्रवार को मीडिया से बात करते हुए उन्होंने भावुक होकर कहा कि उनकी बेटी ने असहनीय पीड़ा झेली है और हाई कोर्ट के इस आदेश ने न्याय प्रणाली पर उनके भरोसे को चकनाचूर कर दिया है।

शुक्रवार को दिल्ली उच्च न्यायालय के बाहर पीड़िता की माँ और ऑल इंडिया डेमोक्रेटिक वीमेंस एसोसिएशन के सदस्यों ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान उन्होंने कहा, मैं अपराधी कुलदीप सेंगर की उम्रकैद की सजा रोकने के फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट जाऊंगी। मेरी बेटी के साथ जो हुआ, वह रूह कंपा देने वाला था।

उन्होंने आगे कड़े शब्दों में कहा कि वह पूरी न्यायपालिका को दोष नहीं दे रही हैं, बल्कि उन दो न्यायाधीशों के विवेक पर सवाल उठा रही हैं जिन्होंने उनके परिवार के साथ अन्याय किया है। उन्हें उम्मीद है कि सर्वोच्च न्यायालय उनकी गुहार सुनेगा।
मंगलवार को न्यायमूर्ति सुब्रमण्यम प्रसाद और न्यायमूर्ति हरीश वैद्यनाथन शंकर की पीठ ने सेंगर की उम्रकैद की सजा पर रोक लगाते हुए उसे 15 लाख रुपये के निजी मुचलके पर जमानत दे दी। हालांकि, अदालत ने कई सख्त शर्तें भी लागू की हैं।

सेंगर को अपना पासपोर्ट ट्रायल कोर्ट में जमा करना होगा और वह दिल्ली छोड़कर बाहर नहीं जा सकेगा। साथ ही, उसे पीड़िता के घर के पांच किलोमीटर के दायरे में प्रवेश करने की अनुमति नहीं होगी। वह पीड़िता या उसके परिवार को किसी भी तरह से धमका नहीं सकता और उसे हर सोमवार को संबंधित थाने या अदालत में हाजिरी देनी होगी। किसी भी शर्त के उल्लंघन पर उसकी जमानत तत्काल रद्द कर दी जाएगी।