Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
पूर्णिया में रिश्तों का कत्ल! हैवान ससुर ने गर्भवती बहू से की दरिंदगी की कोशिश, फिर मार डाला; मुर्गी... मार्च में मई जैसी आग! दिल्ली में पारा 36°C के पार, राजस्थान-गुजरात में 'लू' का अलर्ट; पहाड़ों पर बर्... ग्रेटर नोएडा में फिर मातम: 13वीं मंजिल से कूदी MBA छात्रा! सुसाइड से पहले रात को हुई थी ये बात; परिव... Youtuber Pushpendra Murder Case: दिल्ली में यूट्यूबर पुष्पेंद्र की हत्या, शरीर के गायब अंगों ने उलझा... LPG Crisis in Delhi: दिल्ली के मशहूर पंचम पुरीवाला में गैस संकट, मिडिल ईस्ट वार ने बिगाड़ा 178 साल प... बिहार में 'राज्यसभा' का रण: 5 सीटें और 6 दावेदार! क्या ओवैसी बनेंगे तेजस्वी के लिए 'संकटमोचक' या NDA... संभल में शाही इमाम पर 'बुलडोजर' का साया! कोर्ट ने ठोका 6.94 करोड़ का जुर्माना; मस्जिद-दरगाह और घर को... पीलीभीत में कुदरत का करिश्मा! श्मशान ले जाते समय गड्ढे ने बचाई जान; एम्बुलेंस को लगा झटका और 'ब्रेन ... गैस सिलेंडर के लिए हाहाकार! चूहों की तरह लाइनों में लगे लोग, ऑनलाइन बुकिंग भी फेल; जानें क्यों आई 'L... सुप्रीम कोर्ट का ऐतिहासिक फैसला! 12 साल से कोमा में थे हरीश राणा, अब मिलेगी 'इच्छामृत्यु'; मौत की अर...

संसद के बाहर भी नेता प्रतिपक्ष अपनी बात पर कायम

कहा, पिक्चर अभी बाकी है, ऐसा होता रहेगा

  • एक व्यक्ति, एक वोट है संविधान की नींव

  • विपक्ष ने किया संसद के अंदर किया प्रदर्शन

  • जनता का ध्यान आकृष्ट करने में सफलता

राष्ट्रीय खबर

नईदिल्लीः विपक्षी दल के नेता राहुल गांधी ने एक बार फिर चुनाव आयोग पर निशाना साधते हुए मतदाता सूची में धांधली के गंभीर आरोप लगाए हैं। मंगलवार को मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा कि यह सिर्फ एक या दो सीटों का मामला नहीं है, बल्कि देश भर में बड़े पैमाने पर और सुनियोजित तरीके से मतदाता सूचियों में गड़बड़ी की जा रही है। उन्होंने जोर देकर कहा कि कांग्रेस पार्टी इन अनियमितताओं के खिलाफ अपनी लड़ाई जारी रखेगी और किसी भी हाल में रुकेगी नहीं।

राहुल गांधी ने अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए कहा कि भारतीय संविधान की सबसे महत्वपूर्ण नींव ‘एक व्यक्ति, एक वोट’ का सिद्धांत है, और इसे सुनिश्चित करना चुनाव आयोग का प्राथमिक कर्तव्य है। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग इस कर्तव्य को निभाने में विफल रहा है। गांधी ने कहा, “पहले हमारे पास ऐसे आरोपों के ठोस सबूत नहीं थे, लेकिन अब हमारे पास हैं।”

उन्होंने बिहार की मतदाता सूची में कथित रूप से 124 साल की ‘फर्स्ट टाइम’ वोटर मिंता देवी के मामले का उदाहरण दिया और कहा कि ऐसे अनगिनत मामले हैं। यह दर्शाता है कि यह एक संगठित प्रक्रिया है जिसके तहत मतदाता सूचियों में हेरफेर किया जा रहा है।

यह मुद्दा केवल राहुल गांधी तक सीमित नहीं है। मंगलवार को इंडिया गठबंधन  के कई सांसदों ने भी संसद परिसर में चुनाव आयोग की मतदाता सूची पुनरीक्षण प्रक्रिया के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन से यह साफ हो गया कि विपक्ष इस मुद्दे को गंभीरता से ले रहा है और इसे राष्ट्रीय स्तर पर उठाने की तैयारी में है। कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने भी इस मुद्दे पर चिंता व्यक्त की और कहा कि मतदाता सूचियों में पते और रिश्तेदारों के नाम जैसे विवरण भी फर्जी पाए गए हैं।

राहुल गांधी ने स्पष्ट कर दिया है कि यह लड़ाई अभी खत्म नहीं हुई है। उनके बयान पिक्चर अभी बाकी है से यह संकेत मिलता है कि आने वाले समय में कांग्रेस और विपक्षी दल इस मुद्दे को और भी मजबूती से उठाएंगे। वे कानूनी और राजनीतिक दोनों स्तरों पर इस लड़ाई को आगे बढ़ाने की योजना बना रहे हैं।

राहुल गांधी के आरोपों के बाद, अब देखना यह होगा कि चुनाव आयोग इन दावों पर क्या प्रतिक्रिया देता है और क्या कोई जांच शुरू की जाती है। यह मुद्दा भारतीय लोकतंत्र की विश्वसनीयता के लिए एक बड़ी चुनौती बन सकता है। कांग्रेस का यह दावा कि वे संविधान की रक्षा कर रहे हैं, इस लड़ाई को केवल राजनीतिक लड़ाई से ऊपर उठाकर एक वैचारिक लड़ाई का रूप देता है। यह देखना दिलचस्प होगा कि विपक्ष कैसे इस मुद्दे का उपयोग करके मतदाताओं के बीच जागरूकता फैलाता है और चुनाव आयोग पर दबाव बनाता है।