Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
परिमल नथवाणी का आना महज राजनीति नहीं मानिए क्वांटम प्रयोग में परमाणु उल्टा घूमता देखा गया स्थानीय स्तर पर झड़पों में 25 नागा महिला घायल भूपेंद्र यादव के घऱ जुटे थे टीएमसी के सांसद फिलीपींस के मिंडानाओ में 7.8 तीव्रता का भूकंप Mamata Banerjee Silence: क्या इंडिया गठबंधन में कमजोर हुई ममता की पकड़? प्रेस कॉन्फ्रेंस में दिखीं 'न... टीएमसी सांसद सुखेंदु शेखर राय ने पार्टी छोड़ी Srinagar Crime News: ड्रग तस्करों पर श्रीनगर पुलिस का बड़ा प्रहार; ₹4 करोड़ की अवैध संपत्ति की गई जब्... सीमा पार ड्रग सिंडिकेट से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में जांच Delhi Airport News: दिल्ली एयरपोर्ट पर बड़ा हादसा; तेज हवाओं के कारण एयर इंडिया के 3 विमान क्षतिग्रस्...

यूक्रेन के राष्ट्रपति जेलेंस्की ने खेरसोन का दौरा किया

खेरसोनः रूसी सेना के पीछे हटने के बाद कल यूक्रेन के राष्ट्रपति बोलोडिमीर जेलेंस्की ने खेरसोन का दौरा किया। वहां उन्होंने आम नागरिकों से मुलाकात की और रूसी सेना द्वारा किये गये अत्याचारों की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि रूसी सेना ने यहां पर एक नहीं सैकड़ों युद्ध अपराध किये हैं। वहां के अनेक स्थानों पर रूसी सेना के इन अत्याचारों का बिखरा पड़ा है।

उनके मुताबिक विशेषज्ञों की टीम इसमें काम कर रही है और अब तक चार सौ से अधिक ऐसे साक्ष्य जुटाये गये हैं, जो बाद मे पूरी दुनिया को दिखाया जाएगा। उन्होंने कहा कि रूसी सेना के चले जाने के बाद भी इस शहर की स्थिति बहुत खराब है और यहां रहने वालों को न्यूनतम नागरिक सुविधाएं भी उपलब्ध नहीं हो पा रही है। सिर्फ सरकार की तरफ से आंशिक बिजली बहाल कर दी गयी है।

रूसी सेना के मिसाइल हमलों से अनेक बिजली संयंत्रों को नुकसान पहुंचने की वजह से उसे व्यवस्थित करने में समय लग रहा है। उन्होंने कहा कि इस इलाके में मौजूद लोगों और सेना का मनोबल बढ़ाने के लिए ही वह आनन फानन में यहां आये हैं। क्रेमलीन से मिले एक आदेश के बाद रूसी सेना ने आनन फानन में गत बुधवार को यह शहर खाली कर दिया। रूसी सेना डिनेप्रो नदी के दूसरे पार चली गयी है। युद्ध प्रारंभ होते ही रूसी सेना ने एक कठिन संघर्ष के बाद इस शहर तथा आस पास के इलाकों पर कब्जा कर लिया था।

शनिवार को यूक्रेन की सेना यहां वापस लौटी और पूरे इलाके को अपने नियंत्रण में ले लिया है। इस बीच उत्साहित लोगों ने शहर की बहुमंजिली इमारतों पर यूक्रेन का झंडा भी लहरा दिया है। राष्ट्रपति जेलेंस्की ने कहा कि इतनी अधिक कठिनाइयो के बाद भी करीब अस्सी हजार लोग यहां डटे रहे, यही बड़ी बात है। यह वह इलाका है, जिसे तीन अन्य इलाकों के साथ रूस ने अपने सीमा के भीतर शामिल करने का विधिवत एलान भी कर दिया था। पांच सप्ताह पहले ही यहां रहने वाले लोगों को रूसी नागरिक बताने का काम भी रूस के राष्ट्रपति ब्लादिमीर पुतिन ने किया था। वैसे रूस की तरफ से अब भी इसे रूसी इलाका ही बताया जा रहा है।