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Sagar Water Supply News: सागर-मकरोनिया में टाटा प्रोजेक्ट्स की विदाई, अब नगर निगम खुद संभालेगा पानी सप्लाई

सागर और मकरोनिया उपनगर के निवासियों के लिए एक बड़ी खबर है। जिला प्रशासन ने शहर की जल प्रदाय योजना का संचालन कर रही टाटा प्रोजेक्ट्स लिमिटेड के साथ एग्रीमेंट को टर्मिनेट करने का बड़ा फैसला लिया है। कलेक्टर प्रतिभा पाल की अध्यक्षता में आयोजित उच्च स्तरीय बैठक में जनहित को सर्वोपरि मानते हुए यह निर्णय लिया गया। अब सागर नगर निगम और मकरोनिया नगर पालिका अपने-अपने क्षेत्रों में पानी सप्लाई की व्यवस्था खुद संभालेंगे।

🚫 क्यों हुई टाटा कंपनी की विदाई?

टाटा कंपनी को विदाई देने के पीछे कई गंभीर कारण जिम्मेदार हैं:

  • 24×7 जल आपूर्ति में विफलता: अनुबंध के बावजूद एक साल बाद भी शहर में एक दिन छोड़कर जलापूर्ति हो रही थी।

  • वित्तीय और तकनीकी खामियां: कंपनी ने बिना अनुमति के संचालन का काम दूसरी एजेंसी को सौंप दिया था।

  • रिकॉर्ड में हेरफेर: उपभोक्ताओं का डेटा ई-नगर पालिका पोर्टल पर सही ढंग से दर्ज नहीं किया गया, जिससे राजस्व वसूली प्रभावित हुई।

  • अतिरिक्त वित्तीय बोझ: पाइपलाइन संधारण में देरी के कारण निगम को अपने संसाधनों से काम करना पड़ा, जिससे अतिरिक्त आर्थिक भार बढ़ा।

💸 भुगतान की मांग पर उठे सवाल

टाटा कंपनी द्वारा महज 18 महीने के काम के लिए 12 करोड़ रुपये के भुगतान की मांग पर प्रशासन ने बड़े सवाल उठाए हैं। नगर निगम स्वयं यही कार्य 4-5 करोड़ रुपये प्रतिवर्ष में करता रहा है, जिससे कंपनी की कार्यप्रणाली और वित्तीय विसंगतियां साफ उजागर हो रही हैं। हाल ही में वाल्वमैनों का भुगतान न करने के कारण पूरे शहर की जलापूर्ति ठप हो गई थी, जो जनता के लिए बड़ी परेशानी का सबब बनी।

📢 एक सप्ताह में सुधरेगी व्यवस्था: प्रशासन का सख्त रुख

कलेक्टर प्रतिभा पाल ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं कि अगले एक सप्ताह के भीतर पेयजल सप्लाई से जुड़ी सभी प्रक्रियाओं को व्यवस्थित (Streamline) किया जाए। ताकि नागरिकों को बिना किसी व्यवधान के सुचारू रूप से पानी मिल सके। प्रशासन ने यह भी सुनिश्चित किया है कि इस प्रक्रिया में कोई कानूनी अड़चन न आए और बकाया भुगतान का निपटारा नियमानुसार किया जाए।