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अल जजीरा के कैमरामैन सहित छह की मौत

गाजा के इलाके में इजरायल ने फिर से हमला किया

एजेंसियां

गाजाः गाजा में शनिवार को हुए इजरायली हवाई हमलों में कम से कम छह लोगों की मौत हो गई, जिनमें अल जज़ीरा के कैमरामैन अहमद विशाह और कम से कम एक बच्चा शामिल है। स्वास्थ्य अधिकारियों और बचाव दल ने इस घटना की पुष्टि की है। अल जज़ीरा ने अपने संवाददाता की मौत की कड़ी निंदा करते हुए इसे अंतर्राष्ट्रीय कानूनों और मानदंडों का उल्लंघन तथा पत्रकारों को निशाना बनाने की व्यवस्थित नीति करार दिया है। वहीं, इजरायली रक्षा बलों ने विशाह पर हमास की सैन्य शाखा के सदस्य और स्नाइपर होने का आरोप लगाया है, हालांकि उन्होंने इसके समर्थन में कोई सबूत पेश नहीं किए हैं।

बुरीज़ शरणार्थी शिविर में हुए इस हमले में विशाह के साथ दो अन्य लोग भी मारे गए, जिन्हें आईडीएफ ने हमास का हिस्सा बताया है। उल्लेखनीय है कि इसी साल अप्रैल में अहमद विशाह के भाई मोहम्मद विशाह, जो खुद एक पत्रकार थे, की भी एक इजरायली हमले में मृत्यु हो गई थी। उन पर भी हमास के हथियार उत्पादन विभाग में काम करने का आरोप लगाया गया था।

गाजा शहर के सबरा पड़ोस में भी एक घर पर हुए हमले में एक ही परिवार के चार सदस्यों की मौत हो गई। स्थानीय अस्पताल के अनुसार, मृतकों में दो महिलाएं और एक बच्चा शामिल है। इस हमले में बचे हुए रिश्तेदारों ने इन दावों को खारिज किया है कि उनका हमास से कोई संबंध था। उन्होंने इसे आम नागरिकों पर हुआ हमला बताते हुए युद्धविराम की प्रभावशीलता पर गंभीर सवाल उठाए हैं।

गौरतलब है कि पिछले साल अक्टूबर में हुए युद्धविराम समझौते के बावजूद, दोनों पक्षों द्वारा एक-दूसरे पर उल्लंघन के आरोप लगाए जा रहे हैं। संयुक्त राष्ट्र के अनुसार, हालांकि सहायता ट्रकों की संख्या बढ़ने से भुखमरी की समस्या में कुछ कमी आई है, लेकिन गाजा की 70 फीसद आबादी अभी भी बुनियादी आश्रय के संकट से जूझ रही है। स्वच्छता और स्वास्थ्य सेवाएं भी चरमरा चुकी हैं। समझौते के तहत हमास को निहत्था होना था और गाजा का प्रशासन एक समिति को सौंपा जाना था, लेकिन यह प्रक्रिया अभी तक पूरी नहीं हो पाई है। इसके विपरीत, इजरायल ने गाजा के 70 प्रतिशत हिस्से पर नियंत्रण की बात कही है। 7 अक्टूबर 2023 से शुरू हुए इस संघर्ष में अब तक गाजा में 73,000 से अधिक लोग अपनी जान गंवा चुके हैं।