एक भारतीय नागरिक की मृत्यु और व्यापक क्षति
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सीसीटीवी में कैद हुई पूरी घटना
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63 लोग गंभीर रुप से घायल हुए
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ईरान ने बदले की कार्रवाई बताया
एजेंसियां
कुवैतः बुधवार को कुवैत अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हुए एक भीषण हमले में एक भारतीय नागरिक की दुखद मृत्यु हो गई है। कुवैत में स्थित भारतीय दूतावास ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर एक आधिकारिक पोस्ट के माध्यम से इस घटना की पुष्टि की है। यह हमला अत्यंत घातक रहा, जिसमें कम से कम 63 अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। इस घटना के बाद पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है।
घटना का विवरण और स्वास्थ्य विभाग की प्रतिक्रिया कुवैत के स्वास्थ्य मंत्रालय के प्रवक्ता अब्दुल्ला अल-सनद ने जानकारी देते हुए बताया कि घायलों को तुरंत विभिन्न अस्पतालों में स्थानांतरित किया गया है। घायलों की स्थिति बेहद गंभीर है; कई लोगों के सिर में गहरी चोटें आई हैं, कुछ के अंगों को काटना पड़ा (एम्प्यूटेशन) है, और कई लोग मस्तिष्क रक्तस्राव (सेरेब्रल हैमरेज) जैसी जानलेवा समस्याओं का सामना कर रहे हैं। ये चोटें मुख्य रूप से विस्फोटों के कारण लगी हैं। राहत और बचाव कार्य के लिए स्वास्थ्य विभाग ने तुरंत 25 एम्बुलेंस को घटनास्थल पर भेजा था।
भारतीय दूतावास ने इस कठिन समय में शोक संतप्त परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त की है। दूतावास ने स्पष्ट किया है कि वे कुवैती अधिकारियों के साथ लगातार संपर्क में हैं ताकि मृत व्यक्ति के परिवार को हर संभव सहायता और घायल भारतीय नागरिकों को उचित चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा सके। हमले के परिणामस्वरूप टर्मिनल-एक को भारी नुकसान पहुंचा है और बुनियादी ढांचे को भी काफी क्षति हुई है। सुरक्षा कारणों से कुवैत के नागरिक उड्डयन महानिदेशालय ने तुरंत प्रभाव से हवाई यातायात को अनिश्चितकाल के लिए निलंबित कर दिया है।
हमले के पीछे का कारण इस हमले की जिम्मेदारी ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने ली है। उन्होंने आधिकारिक तौर पर घोषणा की है कि यह हमला कुवैत के विरुद्ध नहीं, बल्कि अमेरिका द्वारा एक ईरानी तेल टैंकर और एक द्वीप पर किए गए हमलों के प्रतिशोध (बदले) के रूप में किया गया है। यह घटना मध्य-पूर्व में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव को दर्शाती है, जिसका खामियाजा अब निर्दोष नागरिकों को भुगतना पड़ रहा है।