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जीत के अंतर से तीसरे प्रत्याशी को ज्यादा वोट

बंगाल के त्रिकोणीय मुकाबले से भी भाजपा की जीत

  • कुल 82 सीटों पर ऐसा ही परिणाम

  • गैर भाजपा दलों का वोट विभाजन

  • माकपा के वोट से भी फैसला बदला

रजत कुमार गुप्ता

रांचीः पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों के परिणामों का विश्लेषण एक दिलचस्प पहलू उजागर करता है। राज्य की कम से कम 82 सीटों पर तीसरे स्थान पर रहने वाले उम्मीदवार को जीत-हार के अंतर से कहीं अधिक वोट मिले। यह स्पष्ट रूप से दर्शाता है कि दूसरे और तीसरे स्थान के उम्मीदवारों के बीच वोटों के तीखे बंटवारे ने ही विजेता उम्मीदवार की राह आसान कर दी। यदि यह वोट बैंक एकतरफा रहता, तो कई सीटों के परिणाम पूरी तरह उलट सकते थे।

इसका एक सटीक उदाहरण बहरामपुर सीट है, जहाँ कांग्रेस के दिग्गज नेता अधीर रंजन चौधरी भाजपा उम्मीदवार से 17,548 मतों के अंतर से हार गए। यहाँ तृणमूल कांग्रेस का उम्मीदवार तीसरे स्थान पर रहा, जिसने 49,586 वोट हासिल किए। यह संख्या जीत के अंतर से लगभग तीन गुना अधिक है, जो यह साबित करती है कि कांग्रेस और तृणमूल के बीच वोटों के बंटवारे का सीधा लाभ भाजपा को मिला। इसी तरह, तृणमूल कांग्रेस के कई कद्दावर नेताओं को भी इसी तरह के वोट स्प्लिट के कारण हार का सामना करना पड़ा, जहाँ अधिकांश मामलों में माकपा ने खेल बिगाड़ने वाली भूमिका निभाई।

दमदम उत्तर सीट पर तृणमूल की चंद्रिमा भट्टाचार्य की जीत लगभग तय मानी जा रही थी, लेकिन माकपा ने यहाँ 38,428 वोट हासिल कर तीसरा स्थान प्राप्त किया, जिससे भाजपा यह सीट 26,404 वोटों के अंतर से जीत गई। टॉलीगंज में भी अरूप विश्वास को भाजपा की पापिया अधिकारी ने 6,013 वोटों से हराया, क्योंकि माकपा यहाँ 30,335 वोट ले उड़ी। जादवपुर, काशीपुर-बेलगाछिया और बेहाला पश्चिम जैसी महत्वपूर्ण सीटों पर भी तृणमूल की हार का मुख्य कारण माकपा द्वारा लिए गए वे वोट रहे, जो जीत के अंतर से कहीं अधिक थे।

हालांकि, वोटों का यह बंटवारा हमेशा तृणमूल के खिलाफ नहीं रहा। कमरहाटी में मदन मित्रा की जीत इसका उदाहरण है, जहाँ माकपा ने 20,203 वोट काटकर तीसरा स्थान हासिल किया और जीत का अंतर मात्र 5,643 रहा। इसी तरह डोमकल में, जो माकपा द्वारा जीती गई एकमात्र सीट थी, कांग्रेस ने तीसरे स्थान पर रहकर 30,453 वोट प्राप्त किए, जिससे माकपा को भाजपा को हराने में मदद मिली। दार्जिलिंग में भी भाजपा की जीत का अंतर मात्र 6,057 रहा, जबकि तीसरे स्थान पर रहने वाले निर्दलीय उम्मीदवार ने 48,635 वोट बटोर लिए थे।