Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
NEET-UG 2026 Paper Leak: सीबीआई की बड़ी कामयाबी, मास्टरमाइंड केमिस्ट्री लेक्चरर पी.वी. कुलकर्णी गिरफ... Punjab Politics: पंजाब में SIR को लेकर सियासी घमासान, चुनाव आयोग की सर्वदलीय बैठक में विपक्ष ने उठाए... Varanasi News: दालमंडी सड़क चौड़ीकरण तेज, 31 मई तक खाली होंगी 6 मस्जिदें समेत 187 संपत्तियां धार भोजशाला में मां सरस्वती का मंदिर, मुस्लिम पक्ष के लिए अलग जमीन… जानें हाई कोर्ट के फैसले में क्य... Ahmedabad-Dholera Rail: अहमदाबाद से धोलेरा अब सिर्फ 45 मिनट में, भारत की पहली स्वदेशी सेमी हाई-स्पीड... Namo Bharat FOB: निजामुद्दीन रेलवे स्टेशन और सराय काले खां नमो भारत स्टेशन के बीच फुटओवर ब्रिज शुरू Sant Kabir Nagar News: मदरसा बुलडोजर कार्रवाई पर हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, डीएम और कमिश्नर का आदेश रद्द Patna News: बालगृह के बच्चों के लिए बिहार सरकार की बड़ी पहल, 14 ट्रेड में मिलेगी फ्री ट्रेनिंग और नौ... Mumbai Murder: मुंबई के आरे में सनसनीखेज हत्या, पत्नी के सामने प्रेमी का गला रेता; आरोपी गिरफ्तार Supreme Court News: फ्यूल संकट के बीच सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, वर्चुअल सुनवाई और वर्क फ्रॉम होम ...

नीदरलैंड सबसे बड़े सुरक्षा खतरे में हैः खुफिया एजेंसी

रूस और चीन से एक साथ मिल रही है कठिन चुनौती

एजेंसियां

ज़ूटरमीरः नीदरलैंड की राष्ट्रीय खुफिया एजेंसी एआईवीडी ने एक गंभीर रिपोर्ट जारी करते हुए चेतावनी दी है कि देश द्वितीय विश्व युद्ध की समाप्ति के बाद से अब तक के सबसे बड़े सुरक्षा खतरे का सामना कर रहा है। एजेंसी के अनुसार, एक अप्रत्यक्ष और अस्थिर विश्व व्यवस्था के बीच रूस और चीन से मिलने वाली चुनौतियां इस खतरे का मुख्य कारण हैं।

एआईवीडी की निदेशक सिमोन स्मिट ने एजेंसी की वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए कहा, हमारे अस्तित्व के 80 वर्षों में, हमने वर्तमान जैसा खतरे का स्तर नहीं देखा है। राष्ट्रीय सुरक्षा पर एक साथ इतने सारे मोर्चों से और इतने लंबे समय तक दबाव बना हुआ है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि दशकों तक स्थिरता और पूर्वानुमेयता ही समृद्धि और शांति का आधार रही थी, लेकिन अब वैश्विक व्यवस्था पूरी तरह बदल चुकी है।

नाटो और यूरोपीय संघ के संस्थापक सदस्य के रूप में, नीदरलैंड ने विशेष रूप से रूस और चीन से बढ़ते खतरों को रेखांकित किया है। रिपोर्ट के मुताबिक, रूस पश्चिमी देशों, विशेषकर नीदरलैंड के खिलाफ साइबर हमलों के माध्यम से और अधिक आक्रामक हो गया है। एआईवीडी ने स्पष्ट रूप से कहा कि रूस पश्चिम के साथ एक लंबे संघर्ष की तैयारी कर रहा है, जिसके परिणामस्वरूप रूस और पश्चिम के बीच सैन्य टकराव की संभावना को अब नकारा नहीं जा सकता। हालांकि, रूस नाटो देशों पर हमला करने की किसी भी योजना से इनकार करता रहा है और पश्चिम पर अपनी सुरक्षा को खतरे में डालने का आरोप लगाता है।

दूसरी ओर, एआईवीडी ने चीन को डच आर्थिक सुरक्षा के लिए सबसे बड़ा खतरा बताया है। रिपोर्ट में कहा गया है कि चीन अवैध तरीके से उन्नत तकनीकी विशेषज्ञता हासिल करने की कोशिश जारी रखे हुए है ताकि वह अपनी वैश्विक स्थिति मजबूत कर सके और विश्व व्यवस्था को अपने हितों के अनुसार ढाल सके। एजेंसी के अनुसार, 2025 में यह खतरा और गहरा गया है। चीन इन आरोपों को खारिज करता आया है और उसका कहना है कि वह केवल अपने आर्थिक हितों की पूर्ति कर रहा है और किसी भी देश के लिए खतरा नहीं है।