Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
OTT Censorship: 'सतलुज' विवाद के बाद सख्त हुई सरकार, OTT फिल्मों के लिए CBFC सर्टिफिकेट होगा अनिवार्... ISRO Brain Drain: इसरो में मची खलबली, 100 से ज्यादा वैज्ञानिकों ने दिया इस्तीफा, सरकार ने सख्त किए न... Datia By-Election: दतिया में गरजे नरोत्तम मिश्रा, प्रशासन को दी चेतावनी, बोले- 'किसी में हिम्मत नहीं... Datia By-Election: 'नरोत्तम मिश्रा बड़ी चुनौती थे, आशुतोष तिवारी कुछ नहीं', कांग्रेस प्रत्याशी घनश्य... Haldiram in London: लंदन के लीसेस्टर स्क्वायर में खुला हल्दीराम का पहला स्टोर, छोले-भटूरे खाने उमड़ी... Telangana ACB Raid: HMDA के चीफ इंजीनियर के घर छापा, 100 करोड़ की बेहिसाब संपत्ति का खुलासा Telangana ACB Raid: HMDA के चीफ इंजीनियर बी. रविंदर गिरफ्तार, 9.24 करोड़ की बेहिसाब संपत्ति जब्त Delhi Education Hub: दिल्ली को शिक्षा का बड़ा हब बनाने की तैयारी, CM रेखा गुप्ता ने DU के छात्रों को... Datia By-Election: जीतू पटवारी का बड़ा दावा- 'दतिया उपचुनाव 25 हजार वोटों से जीतेगी कांग्रेस' Shirdi Sai Baba Prasad: शिरडी में 700 किलो मिलावटी पेड़ा जब्त, FDA ने मारा छापा

Haryana Weather Update: हरियाणा के 19 शहरों में गर्मी का तांडव, [जिले का नाम] रहा सबसे गर्म; किसानों के लिए विशेष एडवाइजरी जारी

हिसार:  हरियाणा में गर्मी ने तेजी पकड़ ली है। मौसम विभाग के 13 अप्रैल के बुलेटिन के मुताबिक राज्य के 19 शहरों में अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस से ऊपर पहुंच गया। सबसे ज्यादा तापमान भिवानी में 37.4°C दर्ज किया गया।

मौसम विभाग के अनुसार, प्रदेश में औसत अधिकतम तापमान में करीब 1.7°C की बढ़ोतरी हुई है। हालांकि तापमान अभी सामान्य के आसपास बना हुआ है, लेकिन आने वाले दिनों में इसमें और तेजी से इजाफा होने की संभावना है।

हिसार, रोहतक, जींद, सिरसा, नूंह, पलवल, महेंद्रगढ़ समेत कई जिलों में गर्मी का असर साफ दिख रहा है। मौसम विभाग के अनुसार अगले 7 दिनों तक मौसम शुष्क रहने की संभावना है। इस दौरान अधिकतम तापमान में 4-6°C तक और बढ़ोतरी संभव है। अगले 2 दिन 30-40 किमी/घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। हालांकि अभी हीट वेव की कोई संभावना नहीं है।

मौसम शुष्क रहने और तापमान बढ़ने के चलते किसानों को सिंचाई का विशेष ध्यान रखना चाहिए। गेहूं में पीला रतुआ और कीटों की नियमित निगरानी करें। सरसों व तिलहन फसलों में माहू (एफिड) दिखने पर तुरंत नियंत्रण उपाय अपनाएं। फलों के बागों में हल्की सिंचाई और खाद प्रबंधन जारी रखें।