Breaking News in Hindi

टिपरा मोथी हिंसा का सहारा ले रही हैः माणिक साहा

टीटीएएडीसी चुनाव से पहले सहयोगियों के बीच बढ़ गयी तल्खी

  • चुनावी अभियान का शंखनाद किया

  • हिंसा और कानून व्यवस्था पर रुख

  • दलबदल और विकास का दावा भी

पी चक्रवर्ती

अगरतला: त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा ने बुधवार को टिपरा मोथा पार्टी पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि वह आगामी स्वायत्त जिला परिषद चुनावों से पहले हताशा में हिंसा का सहारा ले रही है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि इस तरह की हरकतों से भाजपा की जीत का रथ नहीं रुकेगा। मुख्यमंत्री ने यह बयान अगरतला में भाजपा के चुनाव प्रचार वाहनों के एक बेड़े को हरी झंडी दिखाकर रवाना करने के दौरान दिया। 12 अप्रैल 2026 को होने वाले त्रिपुरा जनजातीय क्षेत्र स्वायत्त जिला परिषद के चुनावों के लिए भाजपा ने अपना जनसंपर्क अभियान तेज कर दिया है। ये वाहन राज्य के सुदूर जनजातीय क्षेत्रों में जाकर केंद्र की मोदी सरकार और राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का प्रचार करेंगे।

डॉ. माणिक साहा ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि टिपरा मोथा लोकतांत्रिक प्रक्रिया को बाधित करने के लिए हिंसक हथकंडे अपना रही है। उन्होंने कहा, ये तरकीबें हमें नहीं रोक सकतीं। हम लोकतांत्रिक तरीके से आगे बढ़ेंगे और परिषद चुनावों में बड़ी जीत हासिल करेंगे। मुख्यमंत्री ने यह भी जानकारी दी कि कानून प्रवर्तन एजेंसियों को चुनाव के दौरान शांति और व्यवस्था बनाए रखने के लिए सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।

मुख्यमंत्री ने दावा किया कि टिपरा मोथा के कई वरिष्ठ नेता पहले ही भाजपा में शामिल हो चुके हैं और कई अन्य पार्टी के संपर्क में हैं। उन्होंने इसे भाजपा के विकास एजेंडे में जनता के बढ़ते विश्वास का प्रतीक बताया। साहा ने पूर्ववर्ती प्रशासनों पर निशाना साधते हुए कहा कि वे स्वदेशी समुदायों के जीवन में सार्थक बदलाव लाने में विफल रहे, जबकि भाजपा उनकी समग्र प्रगति के लिए प्रतिबद्ध है। 12 अप्रैल को होने वाले इस चुनाव के लिए त्रिपुरा की जनजातीय बेल्ट में राजनीतिक सरगर्मी चरम पर है, जहाँ भाजपा और टिपरा मोथा के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिल रहा है।