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रूस-यूक्रेन वार्ता के अगले दौर की मेजबानी के लिए तैयार

तुर्किए के फिदान ने रूसी मंत्री लावारोव को सूचना दी

अंकाराः तुर्किए ने एक बार फिर रूस और यूक्रेन के बीच चल रहे युद्ध को समाप्त करने के लिए मध्यस्थ की भूमिका निभाने की अपनी इच्छा दोहराई है। तुर्किए के विदेश मंत्रालय द्वारा मंगलवार को जारी एक आधिकारिक बयान के अनुसार, विदेश मंत्री हाकान फिदान ने अपने रूसी समकक्ष सर्गेई लावरोव के साथ टेलीफोन पर हुई बातचीत के दौरान स्पष्ट किया कि तुर्किए दोनों देशों के बीच वार्ता के अगले दौर की मेजबानी करने के लिए पूरी तरह तैयार है। फिदान ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि लंबे समय से खिंचते जा रहे इस युद्ध ने न केवल क्षेत्रीय देशों के लिए गंभीर सुरक्षा जोखिम पैदा किए हैं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था की स्थिरता को भी खतरे में डाल दिया है।

इस उच्च स्तरीय वार्ता के दौरान दोनों मंत्रियों ने ऊर्जा सुरक्षा से जुड़े संवेदनशील मुद्दों पर भी विस्तार से चर्चा की। रूसी विदेश मंत्रालय ने इस बातचीत की पुष्टि करते हुए बताया कि फिदान और लावरोव के बीच रूसी-तुर्किए ऊर्जा सहयोग पर विशेष ध्यान केंद्रित किया गया। इसमें ब्लू स्ट्रीम और तुर्कस्ट्रीम गैस पाइपलाइनों की सुरक्षा का मुद्दा प्रमुखता से उठा।

मॉस्को ने आरोप लगाया है कि यूक्रेन इन महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचों को नुकसान पहुँचाने की कोशिश कर रहा है, जिससे यूरोप की ऊर्जा आपूर्ति बाधित हो सकती है। रूस का दावा है कि यूक्रेन के इन प्रयासों का उद्देश्य क्षेत्रीय ऊर्जा तंत्र को अस्थिर करना है।

पिछले सप्ताह ही रूस ने यह सनसनीखेज दावा किया था कि उसने गाजप्रोम  द्वारा संचालित अपने गैस पंपिंग स्टेशनों पर यूक्रेनी हमलों को नाकाम कर दिया है। ये स्टेशन उस व्यापक नेटवर्क का हिस्सा हैं जो तुर्कस्ट्रीम और ब्लू स्ट्रीम के माध्यम से यूरोप तक गैस पहुँचाते हैं। तुर्किए की यह कूटनीतिक पहल ऐसे समय में आई है जब वैश्विक स्तर पर ऊर्जा की कीमतें अस्थिर बनी हुई हैं।

तुर्किए का मानना है कि केवल संवाद और कूटनीति ही इस संकट का एकमात्र समाधान है। फिदान की यह पेशकश तुर्किए की उस संतुलित विदेश नीति को दर्शाती है, जिसके तहत वह रूस और यूक्रेन दोनों के साथ अपने संबंधों को बनाए रखते हुए शांति स्थापना का प्रयास कर रहा है।