Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Balodabazar Kharif Season 2026: खरीफ सीजन के लिए खाद-बीज का पर्याप्त स्टॉक; किसानों के लिए प्रशासन न... National Basketball Championship: छत्तीसगढ़ बना नेशनल चैंपियन; महासमुंद की दिव्या रंगारी बनीं 'मोस्ट... Dhamtari News: बांसपारा वार्ड में पति-पत्नी ने उठाया घातक कदम; बीमारी से परेशान नवविवाहिता की मौत, प... Palari Nagar Panchayat Election: चुनाव प्रचार के आखिरी दिन डिप्टी CM अरुण साव का शक्ति प्रदर्शन; कां... RIMS Ranchi Doctor Death: रिम्स के पीजी छात्र डॉ. सानू सनल बरवार का निधन; घर में मृत पाए गए डॉक्टर, ... Deoghar Development News: देवघर में सड़कों का होगा कायाकल्प; विधायक सुरेश पासवान ने की कई नई परियोजन... Maiya Samman Yojana Fraud: सिमडेगा में बड़ा फर्जीवाड़ा; पुरुष ने महिलाओं के नाम पर हड़पे 30 हजार, FIR ... Jharkhand Weather Update: झमाझम बारिश से झारखंड में गर्मी का 'दहन'; रांची में पारा 8.6 डिग्री लुढ़का... Chatra Crime News: चतरा पुलिस का बड़ा प्रहार; सिमरिया में 6 लाख की अफीम के साथ 2 तस्कर गिरफ्तार Kho-Kho Championship in Jamtara: जामताड़ा में राज्य स्तरीय बालिका खो-खो प्रतियोगिता का आगाज; 16 जिलो...

ड्रग माफिया के पास अपनी सैन्य शक्ति थी

एल मेन्चो के मारे जाने के बाद कार्टेल का राज खुला

जालिस्कोः मेक्सिको के सबसे शक्तिशाली और क्रूर आपराधिक संगठनों में से एक, जालिस्को न्यू जनरेशन कार्टेल के प्रमुख नेमेसियो ओसेगुएरा सर्वेंटेस, जिसे दुनिया एल मेन्चो के नाम से जानती थी, के आतंक का अध्याय समाप्त हो गया है। रविवार की सुबह जब जालिस्को की पहाड़ियों में सूरज की पहली किरणें बिखर रही थीं, तभी मेक्सिको की सेना ने एक बेहद गोपनीय और रणनीतिक सैन्य अभियान चलाकर इस कुख्यात ड्रग माफिया को ढेर कर दिया।

अब यह राज खुल रहा है कि एल मेन्चो ने पश्चिमी मेक्सिको के एक बड़े हिस्से पर अपनी खुद की समानांतर सरकार स्थापित कर रखी थी। उसकी ताकत का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि उसने कार्टेल के भीतर एक सुसज्जित निजी सेना तैयार की थी। इस बल के पास स्नाइपर राइफल्स, रॉकेट लॉन्चर, ग्रेनेड और बख्तरबंद गाड़ियाँ मौजूद थीं।

चूंकि मेन्चो खुद कभी पुलिस बल का हिस्सा रहा था, इसलिए उसने अपनी इस मिलिट्री में कई पूर्व पुलिस अधिकारियों और पूर्व सैनिकों को शामिल किया था। उसके गुर्गे किसी पेशेवर सेना की तरह प्रशिक्षित थे और संगठित इकाइयों के रूप में काम करते थे।

अमेरिकी खुफिया जानकारी की भूमिका मेक्सिको सरकार ने स्वीकार किया है कि इस सफल अभियान के पीछे अमेरिका की विशेष सैन्य टास्क फोर्स, ज्वाइंट इंटरएजेंसी टास्क फोर्स-काउंटर कार्टेल द्वारा दी गई सटीक खुफिया जानकारी थी। अमेरिकी इनपुट के बिना इस दुर्गम इलाके में मेन्चो के गुप्त ठिकाने का पता लगाना लगभग नामुमकिन था। 59 वर्षीय मेन्चो की मौत ने मेक्सिको और अमेरिका, दोनों देशों के प्रशासन को बड़ी राहत दी है।

पुलिस ऑफिसर से ड्रग लॉर्ड तक का सफर मेन्चो का आपराधिक सफर बेहद नाटकीय रहा। 1990 के दशक में ड्रग तस्करी की दुनिया में कदम रखने से पहले वह एक सख्त पुलिस अधिकारी था, जिसके नाम से अपराधी कांपते थे। हालांकि, बाद में उसने खुद अपराध की राह चुन ली। 2007 में एरिक वैलेंसिया सालाज़ार के साथ मिलकर उसने सीजेएनजी की नींव रखी।

धीरे-धीरे उसने कुख्यात सिनालोआ कार्टेल के प्रभाव को कम किया और हत्या, जबरन वसूली और मानव तस्करी जैसे अपराधों के जरिए अपना अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क फैलाया। उसकी मौत के बाद अब मेक्सिको में हिंसा भड़कने की आशंका जताई जा रही है, क्योंकि मेन्चो के प्रशिक्षित लड़ाके अपने नेता की कमी होने पर तत्काल और हिंसक जवाबी कार्रवाई के लिए जाने जाते हैं।