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तीन फरवरी के एक्सीडेंट की जाम पर सरकारी फैसला

एक लाख वाहनों को मिलेगा टोल रिफंड

  • तैतीस घंटे तक लगा रहा था जाम

  • हजारों वाहनों से पैसे खुद ही कटे थे

  • कुल 5.16 करोड़ का रिफंड होगा

राष्ट्रीय खबर

मुंबईः महाराष्ट्र राज्य सड़क विकास निगम के एक वरिष्ठ अधिकारी ने रविवार को घोषणा की कि इस महीने की शुरुआत में मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे पर भीषण ट्रैफिक जाम में फंसे एक लाख से अधिक वाहन चालकों को कुल 5.16 करोड़ रुपये का टोल रिफंड दिया जाएगा। यह घटना 3 फरवरी को हुई थी, जब एक्सप्रेसवे के खोपोली खंड पर एक गैस टैंकर पलट गया था। इस हादसे के कारण यातायात 33 घंटों तक बाधित रहा, जिससे कई किलोमीटर लंबा जाम लग गया। इस दौरान हजारों यात्री और वाहन चालक घंटों तक फंसे रहे और उन्हें पानी, भोजन तथा अन्य बुनियादी सुविधाओं की भारी किल्लत का सामना करना पड़ा।

हादसे की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने तत्काल प्रभाव से टोल वसूली रोकने का आदेश दिया था। हालांकि, आदेश लागू होने से पहले ही कई वाहन चालकों के फास्टैग खातों से टोल की राशि कट चुकी थी। अब सरकार ने निर्णय लिया है कि टोल संग्रह रोकने के आदेश के बाद भी जिन वाहन मालिकों से राशि ली गई थी, उन्हें पूरी रकम वापस की जाएगी।

निगम के अधिकारी ने बताया, 5.16 करोड़ रुपये के रिफंड की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। यह राशि अगले कुछ दिनों में प्रभावित वाहन स्वामियों के फास्टैग खातों में सीधे जमा कर दी जाएगी। यह रिफंड दोनों राजमार्गों पर वसूले गए टोल को कवर करेगा। टोल ऑपरेटर से विस्तृत ट्रांजेक्शन डेटा मांगा गया है ताकि उन भुगतानों की पहचान की जा सके जो टोल प्लाजा के बैरियर पूरी तरह खुलने से पहले स्वचालित रूप से कट गए थे। सभी संदिग्ध लेन-देन की जांच की जा रही है और प्रभावित लोगों को उनके पैसे वापस मिल जाएंगे।