Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Ram Mandir Donation Scam: चंपत राय ने पुलिस पूछताछ में क्या कहा? चढ़ावा चोरी मामले में दी सफाई नई सामग्री से सूरज की रोशनी से पराबैगनी प्रकाश, देखें वीडियो Banmankhi Junction News: उद्घाटन से पहले ही टपकी अमृत भारत स्टेशन की छत; 21.5 करोड़ के निर्माण की खु... Ayodhya News: राम मंदिर चंदा चोरी मामले में बड़ा अपडेट; आरोपियों के घर से हुई ज्वेलरी और कैश की रिकवर... Maharashtra Monsoon Session: विधानसभा में गूंजा पेपर लीक का मुद्दा; विपक्ष का बड़ा हमला, सरकार पर उठा... Ayatollah Ali Khamenei Funeral: ईरान के दिवंगत सुप्रीम लीडर का 4 जुलाई को होगा अंतिम संस्कार; भारत भ... Ram Mandir Donation Scam: 'चढ़ावा चोरों' का सामाजिक बहिष्कार शुरू; अयोध्या बार एसोसिएशन ने केस लड़ने ... Himachal Pradesh Model Panchayat: टिहरी पंचायत का बड़ा फैसला; पशु क्रूरता पर जुर्माना और पर्यावरण संर... West Bengal UCC Update: पश्चिम बंगाल में यूनिफॉर्म सिविल कोड लागू करने की तैयारी; ड्राफ्ट कमेटी का ह... Noida School Timing Changed: भीषण गर्मी के चलते नोएडा-ग्रेटर नोएडा के स्कूलों का समय बदला; अब इस समय...

चिकन नेक पर आतंकी साया की रिपोर्ट आयी

महानंदी नदी के सेतु पर बीएसएफ का युद्धस्तर का अभ्यान

राष्ट्रीय खबर

सिलिगुड़ीः पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी कॉरिडोर, जिसे सामरिक भाषा में चिकन नेक कहा जाता है, की सुरक्षा को लेकर भारतीय सुरक्षा एजेंसियां अत्यंत सतर्क हो गई हैं। बांग्लादेश में राजनीतिक उथल-पुथल और तारिक रहमान के नेतृत्व में नई सरकार के गठन के बीच, खुफिया इनपुट मिले हैं कि आतंकी समूह भारत के पूर्वोत्तर राज्यों को मुख्य भूमि से काटने के लिए इस क्षेत्र के महत्वपूर्ण पुलों को निशाना बना सकते हैं।

बुधवार को सीमा सुरक्षा बल ने महानंदा ब्रिज के नीचे एक बड़ा सुरक्षा अभ्यास किया। लगभग दो घंटे तक चले इस अभ्यास में युद्ध जैसी स्थिति का निर्माण किया गया ताकि किसी भी आतंकी हमले या तोड़फोड़ की कोशिश को तुरंत नाकाम किया जा सके। इससे पहले 23 दिसंबर को जलपाईगुड़ी के तिस्ता सेतु पर भी इसी तरह का कड़ा अभ्यास किया गया था।

इन अभ्यासों का मुख्य उद्देश्य पुलों की संरचनात्मक सुरक्षा सुनिश्चित करना और जलमार्ग के जरिए होने वाली किसी भी घुसपैठ को रोकना है। सीमा पर भौगोलिक चुनौतियां: भारत-बांग्लादेश सीमा के लगभग 195 किलोमीटर क्षेत्र में नदी और जमीन संबंधी विवादों के कारण कंटीली तार नहीं लग पाई है। यह पोरस बॉर्डर घुसपैठियों के लिए आसान रास्ता प्रदान करता है।

बांग्लादेश के रंगपुर संभाग में, जो सिलीগুड़ी कॉरिडोर के बिल्कुल करीब है, कट्टरपंथी संगठन जमात-ए-इस्लामी ने हालिया चुनावों में बड़ी सफलता हासिल की है। खुफिया रिपोर्टों के अनुसार, जमात से जुड़े कुछ उग्रपंथी तत्वों ने सोशल मीडिया पर चिकन नेक को भारत की कमज़ोरी बताते हुए इसे निशाना बनाने की धमकी दी है। सिलीगुड़ी कॉरिडोर मात्र 20 से 22 किलोमीटर चौड़ा एक संकीर्ण रास्ता है। यदि यहां के प्रमुख पुलों को नुकसान पहुँचता है, तो पूर्वोत्तर भारत का संपर्क शेष देश से पूरी तरह टूट सकता है।

बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के निवर्तमान प्रधान मोहम्मद यूनुस ने अपने विदाई भाषण में नेपाल, भूटान और भारत के सेवन सिस्टर्स के साथ आर्थिक समृद्धि की बात की थी। हालांकि, भारत इन कूटनीतिक बयानों के बीच अपनी सुरक्षा तैयारियों में कोई ढील नहीं देना चाहता। विशेष रूप से तब, जब बांग्लादेश के सीमावर्ती इलाकों में भारत-विरोधी भावनाओं वाले संगठनों की पकड़ मजबूत हो रही है।