Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
पीएम मोदी के 'दिमागी नक्सल' बयान पर किरेन रिजिजू का विपक्ष पर तीखा पलटवार रामपुरहाट टीएमसी दफ्तर में फंदे से लटके मिले पूर्व डिप्टी स्पीकर आशीष बनर्जी: सुसाइड नोट में मानसिक ... 'बिहार बन रहा पेपर लीक की राजधानी': तेजस्वी यादव का NDA सरकार पर तीखा हमला, 19 अगस्त को राजभवन मार्च... पीएम मोदी के 'दिमागी नक्सल' बयान पर BJP-कांग्रेस आमने-सामने, छिड़ा सियासी घमासान बरेली: सरकारी नौकरी का झांसा देकर रचाई शादी, विरोध पर बेल्ट से पीटा और छीने जेवर; पति समेत ससुराल वा... सुखबीर बादल पर हमले की NIA जांच की मांग: हरसिमरत कौर बादल ने गृह मंत्री अमित शाह को लिखा पत्र, बड़ी ... भिवंडी: दरगाह में इलाज के नाम पर महिला से अघोरी रस्में व प्रताड़ना; UP भागने की फिराक में था मौलवी, ... दिल्ली में पूरा हुआ 100 'अटल कैंटीन' का संकल्प: DU मेट्रो स्टेशन से 25 नई कैंटीन शुरू, मात्र ₹5 में ... रीवा में स्वास्थ्य तंत्र की लापरवाही: 2 घंटे तक नहीं पहुंची 108 एंबुलेंस, सांस लेने में तकलीफ से जूझ... खान-खनिज संशोधन बिल के खिलाफ रांची में राजद-वाम दलों का साझा मोर्चा: आर्थिक नाकेबंदी और दिल्ली घेराव...

इससे जम्मू-कश्मीर के लिए केवल नुकसान: उमर अब्दुल्ला

भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर मुख्यमंत्री का बयान

राष्ट्रीय खबर

श्रीनगरः मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने शनिवार को भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि हालांकि देश के बाकी हिस्सों के लिए इसके लाभ उन्हें स्पष्ट नहीं हैं, लेकिन जम्मू-कश्मीर के लिए अभी तक हमें केवल नुकसान ही दिख रहा है। शेर-ए-कश्मीर कृषि विज्ञान और प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, कश्मीर में वार्षिक कृषि-तकनीकी उत्सव गोंगुल का उद्घाटन करने के बाद पत्रकारों से बात करते हुए मुख्यमंत्री उमर ने कहा कि समझौते के तहत जिन वस्तुओं के शुल्क-मुक्त प्रवेश की संभावना है, वे वही उत्पाद हैं जो जम्मू-कश्मीर की बागवानी अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा, जिन वस्तुओं को यहां शुल्क-मुक्त प्रवेश की अनुमति दी जाएगी, वे वही हैं जिनका उत्पादन जम्मू-कश्मीर करता है—बादाम, अखरोट, सेब, ताजे फल और सूखे मेवे। आप कह रहे हैं कि इसका कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा और जम्मू-कश्मीर के फल 70 रुपये प्रति किलो से कम पर नहीं बिकेंगे। लेकिन इसका क्या मतलब है जब आप कहते हैं कि वे अपना अच्छा फल बेचेंगे और हम अपना खराब फल बेचेंगे?

उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर के फल उत्पादकों ने हाल के वर्षों में अपनी उपज की गुणवत्ता और प्रतिस्पर्धात्मकता में सुधार के लिए काफी निवेश किया है। नई किस्में और उच्च गुणवत्ता वाली उपज सामने आई है। हम कंट्रोल्ड एटमॉस्फियर स्टोरेज सुविधाओं के माध्यम से सही समय पर बाजारों में फल पहुँचाने में सक्षम हुए हैं। अब, यदि आप कह रहे हैं कि अच्छी चीजें बाहर से आएंगी और कम मूल्य वाली वस्तुओं को यहां से बेचा जाना चाहिए, तो यह हमारे उत्पादकों के साथ एक बड़ा मजाक है। हम चाहते हैं कि हमारे सर्वोत्तम और उच्च मूल्य वाले उत्पाद बिकें।

मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि सरकार ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के उद्देश्य से तकनीक-संचालित और जैविक समाधानों को बढ़ावा देने के लिए कृषि विश्वविद्यालयों के साथ काम कर रही है। उन्होंने जोर दिया कि यदि हमें अमेरिका जैसे देशों के साथ प्रतिस्पर्धा करनी है, तो हमें अपनी उत्पादकता और गुणवत्ता में सुधार करना होगा।

विदेश नीति के मामलों पर, मुख्यमंत्री ने उम्मीद जताई कि बांग्लादेश की नई सरकार भारत के साथ संबंधों को बेहतर बनाने की दिशा में काम करेगी। उन्होंने कहा, हमारे पड़ोसी देश जितने स्थिर होंगे, उतना ही हमें लाभ होगा। कोई भी युद्ध या अस्थिरता नहीं चाहता—चाहे वह बांग्लादेश हो, श्रीलंका, नेपाल या कोई अन्य देश।