Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Weather Update Today: देश में मौसम की दोहरी मार; दिल्ली-यूपी में भीषण लू का रेड अलर्ट, तो बिहार-झारख... Dholpur Crocodile Attack: धौलपुर में दर्दनाक हादसा; चम्बल नदी किनारे बैठी 12 साल की बच्ची को खींच ले... CBI Action on Builders: घर खरीदारों से धोखाधड़ी मामले में CBI का बड़ा एक्शन; SBI अफसरों और मंजू जे ह... IPL 2026 KKR vs MI: प्लेऑफ की रेस में बने रहने के लिए कोलकाता को हर हाल में चाहिए जीत; मुंबई बिगाड़े... Daisy Shah Bold Scenes: बिना इंटीमेसी कॉर्डिनेटर के कैसे शूट हुए थे 'हेट स्टोरी 3' के बोल्ड सीन? डेज... PM Modi Italy Visit: रोम पहुंचे पीएम मोदी का भव्य स्वागत; जॉर्जिया मेलोनी के साथ किया ऐतिहासिक कोलोस... PM Modi Meloni Viral Video: पीएम मोदी ने जॉर्जिया मेलोनी को गिफ्ट की 'मेलोडी' टॉफी! सोशल मीडिया पर व... Smartphone Cooling Tips: 45 डिग्री वाली गर्मी में पिघल जाएगा आपका महंगा फोन! इन 5 टिप्स से बचाएं ओवर... Nautapa 2026: इस साल कब से शुरू हो रहा है नौतपा? जानें रोहिणी नक्षत्र में सूर्य गोचर का समय और महत्व Litchi Capital of the World: भारत का वो शहर जिसे कहते हैं 'लीची की राजधानी'; संतरा-पपीता से भी ज्याद...

हाथी के हमले में दो किसान गंभीर रूप से घायल

मेदिनीपुर के जंगलों में हाथियों का तांडव जारी

राष्ट्रीय खबर

पुरुलियाः पश्चिम बंगाल के पश्चिम मेदिनीपुर जिले में हाथियों और मनुष्यों के बीच संघर्ष एक बार फिर हिंसक रूप ले चुका है। पिछले दो-तीन दिनों से इलाके के जंगलों में हाथियों का एक विशाल दल, जिसकी संख्या स्थानीय लोगों के अनुसार लगभग 100 तक हो सकती है, विचरण कर रहा है। रविवार तड़के नयाबसत रेंज के अंतर्गत गढ़बेता-3 ब्लॉक के मंगलपाड़ा गांव में एक दलछुट (झुंड से अलग हुए) दंतैल हाथी ने हमला कर दो ग्रामीणों को लहूलुहान कर दिया।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, घायलों की पहचान सुनील रम (55) और हिमांशु कारक (60) के रूप में हुई है। रविवार सुबह करीब 5 बजे सुनील अपने घर के पास स्थित आलू के खेत में पानी देने गए थे। तभी अचानक झाड़ियों से निकलकर एक दंतैल हाथी ने उन पर हमला कर दिया। सुनील ने भागने की कोशिश की, लेकिन हाथी ने उन्हें अपनी सूंड में लपेटकर दूर पटक दिया।

दूसरी ओर, पास के ही एक तालाब के पास गए हिमांशु कारक भी इसी दंतैल की चपेट में आ गए। दोनों घायलों को पहले स्थानीय शालबनी सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ उनकी नाजुक स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें मेदिनीপুর मेडिकल कॉलेज और अस्पताल रेफर कर दिया। फिलहाल दोनों की स्थिति चिंताजनक बनी हुई है।

हाथियों का उत्पात केवल हमलों तक सीमित नहीं है। शालबनी के कर्णगढ़ इलाके में रविवार भोर में हाथियों के एक दल ने जमकर तांडव मचाया, जिसमें कई मिट्टी के मकान ढह गए और फसलों को भारी नुकसान पहुँचा है। स्थानीय निवासी पार्थ रम ने बताया कि जंगल के इतने करीब हाथियों की मौजूदगी के बावजूद सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम नहीं हैं।

नयाबसत रेंज के वन अधिकारियों ने पुष्टि की है कि वर्तमान में इस विशिष्ट क्षेत्र में 5 से 6 हाथी सक्रिय हैं, जबकि मुख्य झुंड थोड़ा दूर है। वन अधिकारी ने कहा, हमने ग्रामीणों को सतर्क रहने के लिए पहले ही सूचित किया था। हाथी के हमले में घायल हुए परिवारों को नियमानुसार हर संभव सहायता और मुआवजा प्रदान किया जाएगा। वन विभाग की टीमें हाथियों को वापस घने जंगल की ओर खदेड़ने के प्रयास में जुटी हुई हैं। समझा जा रहा है कि दलमा रेंज से नियमित तौर पर आने जाने वाले हाथियों का यह दल रास्ता भटककर इधर आ गया है वरना उनका अपना पारंपरिक हाथी गलियारा है, जो इनदिनों खदान के विस्फोटों की वजह से प्रभावित हो गया है।