नर्मदापुरम: मध्य प्रदेश पर्यटन बोर्ड पचमढ़ी को एक प्रमुख एडवेंचर टूरिज्म डेस्टिनेशन के रूप में विकसित कर रहा है. यहां शुक्रवार 9 जनवरी को जटाशंकर रॉक क्लाइम्बिंग चैलेंज 2.0 का शुभारंभ किया गया. यह आयोजन सेंट्रल इंडिया में अपनी तरह का पहला नेचुरल रॉक क्लाइम्बिंग इवेंट है, जिसमें प्राकृतिक चट्टानों पर प्रोफेशनल स्पोर्ट्स क्लाइम्बिंग प्रतियोगिता आयोजित की जा रही है.
रॉक क्लाइम्बिंग चैलेंज 2.0 हुआ शुरू
यह आयोजन अपने दूसरे संस्करण में आयोजित किया जा रहा है, जिसे मध्य प्रदेश पर्यटन बोर्ड की सूचीबद्ध संस्थाएं द जिप्सी एडवेंचर्स और मस्टैच एस्केप्स द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित किया जा रहा है. यह प्रतियोगिता भारतीय पर्वतारोहण महासंघ तथा मध्य प्रदेश खेल एवं युवा कल्याण विभाग के मार्गदर्शन में स्पोर्ट्स क्लाइम्बिंग एसोसिएशन के सहयोग से संपन्न की जा रही है. कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राहुल गगजबिये सीईओ पचमढ़ी कैंटोनमेंट बोर्ड रहे.
45 प्रतिभागियों ने लिया भाग
देशभर से 45 से अधिक प्रतिभागी इस चुनौती में भाग ले रहे हैं. इनमें पुणे, बेंगलुरु, हैदराबाद, मुंबई के साथ-साथ मध्य प्रदेश के रायसेन, भोपाल और पचमढ़ी के क्लाइम्बर्स शामिल हैं. आयोजन को अंतरराष्ट्रीय पहचान भी मिल रही है, जहां रूस से आए अंतरराष्ट्रीय क्लाइम्बर्स भी प्रतियोगिता का हिस्सा बने हैं. प्रतियोगिता के विजेताओं के लिए 1 लाख के नकद पुरस्कार मनी के साथ आकर्षक उपहार रखे गए हैं.
जटाशंकर पहाड़ी पर चढ़े प्रतिभागी
कार्यक्रम के शुभारम्भ के बाद प्रतिभागियों ने जटाशंकर पहाड़ी पर चढ़ना शुरू किया. यह साहसिक आयोजन न केवल प्रतिभागियों के शारीरिक और मानसिक साहस की परीक्षा लेगा, बल्कि उन्हें सतपुड़ा की रानी पचमढ़ी के पहाड़ों पर चढ़ाई करने का भी अवसर देगा. प्रतिभागी सतपुड़ा की मनमोहक रेंज का रोमांचक अनुभव कर सकेंगे. इस अवसर पर अपर प्रमुख सचिव पर्यटन एवं संस्कृति विभाग शिव शेखर शुक्ला ने कहा, “पचमढ़ी क्लाइम्बिंग चैलेंज 2.0 न केवल मध्य प्रदेश में एडवेंचर स्पोर्ट्स को बढ़ावा दे रहा है. बल्कि पचमढ़ी और प्रदेश को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय एडवेंचर टूरिज्म मैप पर सशक्त पहचान भी दिला रहा है.”