हजारीबाग: सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र केरेडारी इन दिनों पूरे राज्य भर में सुर्खियों में है. दरअसल यहां परिवार नियोजन का ऑपरेशन टॉर्च की रोशनी में किया गया था. इसे लेकर प्रशासन से लेकर राजनीतिक गलियारे में चर्चा खूब हो रही है. वीडियो बनाकर वायरल करने वाली सहिया सरिता देवी को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है. वहीं सहिया ने एक और वीडियो साझा किया है, जिसमें धमकी देने की बात कही जा रही है. इस घटना को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने भी सोशल मीडिया में पोस्ट कर सरकार की आलोचना की है.
सहिया ने लगाया गंभीर आरोप
आरोप प्रत्यारोप के बीच सहिया सरिता देवी ने गंभीर आरोप लगाया है. उन्होंने कहा कि अव्यवस्था के खिलाफ आवाज उठाने पर उसे कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है. उन्हें नोटिस जारी करने वाले ने कहा है कि स्वास्थ्य मंत्री तक उसकी पहुंच है. यहां तक कि नोटिस जारी करने वालों ने सहिया को निलंबित करने की भी बात कही है. सहिया ने रविवार को चेतावनी दी है कि सोमवार से वह लोग काम भी प्रभावित कर देंगी.
नोटिस में किसी तरह की धमकी नदी दी गई है: सिविल सर्जन
मामले को लेकर हजारीबाग सिविल सर्जन डॉ अशोक कुमार ने कहा कि केरेडारी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी ने अपने अधिकार के अनुसार कारण बताओ नोटिस जारी किया है. किसी तरह की धमकी नहीं दी गई है. उन्होंने कहा कि जिस तरह से ऑडियो टेप कर सार्वजनिक किया जा रहा है, इसमें सहिया की गलती है. पहले भी एक बार गलती की जा चुकी है और फिर से सहिया बातचीत को वायरल कर रही हैं. जो एक गलत परिपाटी की शुरुआत है. सिविल सर्जन ने कहा कि स्पष्टीकरण के जवाब के बाद कुछ कहा जा सकता है.