Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Muslim Personal Law: शरिया कानून के नियमों पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार को नो... Bihar Mukhyamantri Mahila Rozgar Yojana: अब किश्तों में मिलेंगे 2 लाख रुपये, जानें क्या हैं नई शर्ते... Gurugram News: गुरुग्राम जा रही बैंककर्मी महिला की संदिग्ध मौत, 5 महीने पहले हुई थी शादी; पति ने पुल... Bajrang Punia News: बजरंग पूनिया ने हरियाणा सरकार को घेरा, बोले- घोषणा के बाद भी नहीं बना स्टेडियम Sohna-Tawru Rally: विकसित सोहना-तावडू महारैली में धर्मेंद्र तंवर ने किया मुख्यमंत्री का भव्य स्वागत Haryana Crime: महिला बैंककर्मी की हत्या का खुलासा, पति ही निकला कातिल, शक के चलते दी दर्दनाक मौत Faridabad News: फरीदाबाद में DTP का भारी एक्शन, अवैध बैंक्विट हॉल और गेम जोन पर चला 'पीला पंजा' Faridabad News: फरीदाबाद की केमिकल फैक्ट्री में भीषण ब्लास्ट, 48 से ज्यादा लोग झुलसे Punjab Drug Menace: सरेआम चिट्टे का खेल! इंजेक्शन लगाते युवकों का वीडियो वायरल, दावों की खुली पोल Fake Policeman Arrested: पुलिस की वर्दी पहनकर वसूली करने वाला 'फर्जी पुलिसकर्मी' गिरफ्तार

नोएडा बिल्डिंग हादसे में 4 लोगों की मौत! कारण घटिया सामग्री या बड़ी साजिश? क्या था हादसे का असली कारण? जांच शुरू

दिल्ली से सटे यूपी के ग्रेटर नोएडा में बुधवार सुबह दर्दनाक हादसा हुआ था. तीन मंजिला मकान के शटरिंग हटाने के दौरान हुए इस हादसे में 11 मजदूरों में से 4 की मौत हो गई है. जबकि, 7 मजदूरों को पुलिस और एनडीआरएफ की मदद से मलबे से बाहर निकाल कर उनका उपचार कराया जा रहा है.

मामला रबूपुरा थाना क्षेत्र इलाके के नगला हुकुम सिंह गांव का है. हादसे के बाद जेवर विधायक मौके पर पहुंचे. पूरे मामले का संज्ञान लेकर इसकी जांच और मुख्यमंत्री से इस पूरे मामले की शिकायत करने की बात कही है. जबकि बताया यह जा रहा है कि अधिक मुआवजा लेने के चक्कर में ये सभी लोग अवैध निर्माण करवा रहे थे. हालांकि, पुलिस की तरफ से अभी कोई ऐसा बयान सामने नहीं आया. मृतकों में जीशान, शाकिर, नदीम और कामिल शामिल हैं. इनके शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है.

घटिया सामग्री और अधिक मुआवजे के लालच में हुआ निर्माण कार्य?

हादसा होने के बाद पुलिस एनडीआरएफ की टीम फायर ब्रिगेड की टीम में प्राधिकरण के आला अधिकारी मौके पर पहुंचे और राहत बचत कार्य में लग गए. इसके बाद यह बात सामने आई कि अभी हाल ही में प्राधिकरण ने यहां पर अवैध निर्माण को लेकर बुलडोजर चलाया था. बावजूद इसके यहां पर निर्माण कार्य हो रहा था. ये किसके कहने पर किया जा रहा था, इसकी अभी जांच होनी बाकी है. हालांकि, विधायक के हस्तक्षेप के बाद मृत्यु को के परिवार वालों को आर्थिक सहायता देने के बाद कही गई है. साथ ही इस पूरे हादसे में जांच और मुख्यमंत्री से शिकायत करने की भी बात कही गई है.

पढ़ें हादसे का पूरा विवरण-

क्या हुआ: तीसरी मंजिल के लेंटर की शटरिंग हटाते समय इमारत ढह गईं, जिससे नीचे की दोनों मंजिलें भी ध्वस्त हो गईं. कितने लोग प्रभावित हुए: मलबे के नीचे 11 मजदूर दब गए, जिनमें से 4 की मौत हो गई और बाकी घायल हुए हैं. बचाव कार्य: सूचना मिलते ही पुलिस और एनडीआरएफ की टीमें मौके पर पहुंचीं और बचाव अभियान चलाया. कारण: प्रथम दृष्टया, यह एक अवैध निर्माण था और शटरिंग हटाने के दौरान संरचना के कमजोर होने के कारण हादसा हुआ.

पहले भी ग्रेटर नोएडा में होते रहे हैं ऐसे ही हादसे

यह कोई नया मामला नहीं है. इससे पहले भी ग्रेटर नोएडा वेस्ट के शाहबेरी इलाके में साल 2018 में एक छह मंजिला इमारत भी भरभरा कर गिर गई थी. इसमें भी कई लोगों की मौत हुई थी. इस हादसे ने पूरे प्रदेश में हलचल पैदा कर दी थी. उसके बाद प्राधिकरण के अधिकारी नींद से जागे और लगभग 200 बिल्डिंगों को अवैध बताकर चिन्हित कर दिया, जो आज तक बंद पड़ी हैं. लेकिन अभी भी वहां पर कोई ना कोई निर्माण कार्य होता रहता है, जिसके वीडियो आए दिन लगातार सामने आते रहते हैं.

परिवार वालों पर टूटा दुखों का पहाड़

इस हादसे में मारे गए चार मजदूरों के परिवार वालों का र-रो कर बुरा हाल है. मृतक मजदूर मेहनत मजदूरी करके अपने परिवारों का पालन पोषण कर रहे थे. अब उनके परिवारों को उम्मीद है कि सरकार या प्राधिकरण द्वारा उन्हें कोई आर्थिक मदद जरूर मिलेगी.