Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
हरियाणा अनुबंध कर्मचारियों के लिए बड़ी राहत: सेवा सुरक्षा पोर्टल पर पंजीकरण की तारीख बढ़ी, गठित हुई ... फरीदाबाद में सनसनीखेज वारदात: पुलिस चौकी के पास महिला टीचर की दिनदहाड़े चाकू गोदकर हत्या, आरोपी फरार हरियाणा के छोटे शहरों के लिए पहली बार नई टाउन प्लानिंग नीति लागू: बिना लाइसेंस नहीं कटेंगे प्लॉट, बद... झारखंड विधानसभा मानसून सत्र: स्पीकर रबींद्रनाथ महतो ने बुलाई उच्चस्तरीय बैठक, 1390 आश्वासनों पर जवाब... रांची के ऐतिहासिक पहाड़ी मंदिर में गूंजा 'हर-हर महादेव': सावन की पहली सोमवारी पर तड़के 3:30 बजे से उ... JPSC धांधली में CID का पलामू में बड़ा एक्शन: 2 शिक्षकों के ठिकानों पर देर रात छापेमारी, कई डिजिटल एव... जमशेदपुर में फिर गोलीबारी: बर्मामाइंस में युवक आफताब खान पर ताबड़तोड़ फायरिंग, हालत गंभीर; टीएमएच से... रांची में JPSC-JSSC परीक्षा में गड़बड़ी पर CBI जांच की मांग: बारिश के बीच जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम ... रांची अपर बाजार में नगर निगम के नोटिस पर भड़के व्यापारी: 12 बजे तक बंद रहीं दुकानें, पार्किंग और नक्... लोहरदगा का अखिलेश्वर धाम: जिसके 'कण-कण' में बसते हैं शिव, सावन में 3 फीट ऊंचे नीले शिवलिंग के दर्शन ...

असम के गोलपाड़ा में चार डकैत ढेर

मेघालय से आए थे अपहरण की साज़िश रचने

भूपेन गोस्वामी

गुवाहाटी: असम के गोलपाड़ा ज़िले में रविवार तड़के पुलिस के साथ हुई एक मुठभेड़ में चार डकैत मारे गए। पुलिस ने उनके पास से भारी मात्रा में हथियार और गोला-बारूद बरामद किया है। गोलपाड़ा के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत महंत ने बताया कि संभावित अपहरण के प्रयास की सूचना पर घिलाडुबी इलाके में नाका जाँच की गई। जाँच के दौरान, एक कार में सवार डकैतों के गिरोह का पुलिस से आमना-सामना हुआ और उन्होंने गोलीबारी शुरू कर दी। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में चारों डकैत घायल हो गए, जिन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

मृतकों की पहचान मुकुंदा राभा, सुबुर अली, जाहिदुल इस्लाम और चेंगबत मारक के रूप में हुई है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, डकैत मेघालय से आए थे और उनकी योजना असम के दुधनोई इलाके से किसी का अपहरण करने की थी। पुलिस को संदेह है कि ये डकैत कई महीनों से गोलपाड़ा और आसपास के जिलों में जबरन वसूली, अपहरण और अवैध हथियारों की तस्करी में शामिल एक बड़े नेटवर्क का हिस्सा थे। पुलिस ने इनके वाहन से चार पिस्तौल, पाँच मोबाइल फ़ोन, दो वॉकी-टॉकी सेट और कारतूस बरामद किए हैं।

भारतीय सेना ने फतह की माउंट गोरीचेन

एक अन्य खबर में, भारतीय सेना की स्पीयर कोर के सैनिकों ने अरुणाचल प्रदेश की 6,488 मीटर ऊँची माउंट गोरीचेन चोटी पर सफलतापूर्वक चढ़ाई की है। रक्षा प्रवक्ता लेफ्टिनेंट कर्नल महेंद्र रावत ने बताया कि सैनिकों ने शून्य से नीचे के तापमान और बर्फीली चोटियों जैसी कठिन परिस्थितियों का सामना करते हुए अरुणाचल की छत कहे जाने वाले इस शिखर पर चढ़ाई की।

भारत-चीन सीमा के पास स्थित माउंट गोरीचेन को मोनपा जनजाति संरक्षक देवता मानती है। यह अभियान साहसिकता को बढ़ावा देने, लचीलापन विकसित करने और पर्यावरण संरक्षण के प्रति सेना की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। टीम ने चढ़ाई के दौरान स्वच्छता अभियान भी चलाया, जो स्थायी पर्वतारोहण प्रथाओं के प्रति उनके समर्पण को रेखांकित करता है।