Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
NEET-UG 2026 Paper Leak: सीबीआई की बड़ी कामयाबी, मास्टरमाइंड केमिस्ट्री लेक्चरर पी.वी. कुलकर्णी गिरफ... Punjab Politics: पंजाब में SIR को लेकर सियासी घमासान, चुनाव आयोग की सर्वदलीय बैठक में विपक्ष ने उठाए... Varanasi News: दालमंडी सड़क चौड़ीकरण तेज, 31 मई तक खाली होंगी 6 मस्जिदें समेत 187 संपत्तियां धार भोजशाला में मां सरस्वती का मंदिर, मुस्लिम पक्ष के लिए अलग जमीन… जानें हाई कोर्ट के फैसले में क्य... Ahmedabad-Dholera Rail: अहमदाबाद से धोलेरा अब सिर्फ 45 मिनट में, भारत की पहली स्वदेशी सेमी हाई-स्पीड... Namo Bharat FOB: निजामुद्दीन रेलवे स्टेशन और सराय काले खां नमो भारत स्टेशन के बीच फुटओवर ब्रिज शुरू Sant Kabir Nagar News: मदरसा बुलडोजर कार्रवाई पर हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, डीएम और कमिश्नर का आदेश रद्द Patna News: बालगृह के बच्चों के लिए बिहार सरकार की बड़ी पहल, 14 ट्रेड में मिलेगी फ्री ट्रेनिंग और नौ... Mumbai Murder: मुंबई के आरे में सनसनीखेज हत्या, पत्नी के सामने प्रेमी का गला रेता; आरोपी गिरफ्तार Supreme Court News: फ्यूल संकट के बीच सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, वर्चुअल सुनवाई और वर्क फ्रॉम होम ...

अभी तो असल में कुछ किया भी नहीं हैः मोदी

गांधीनगर में कई परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास

  • सिर्फ सिंधु नदी का पानी भर रोका है

  • कांटा परेशान करता है तो निकालना होगा

  • ईंट का जवाब पत्थर से देना ही चाहिए

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को पाकिस्तान को कड़ा संदेश देते हुए कहा कि भारत ने अब तक सिंधु नदी के पानी को रोककर रखा है और अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की है, फिर भी पाकिस्तान को पसीना आ रहा है। गांधीनगर में दूसरे दिन के संबोधन में पीएम मोदी ने कहा कि उन्होंने 1960 की सिंधु जल संधि के बारे में भी बात की और कहा कि 60 साल तक जम्मू-कश्मीर में अन्य नदियों पर बने इन बांधों के नीचे सफाई के लिए बने गेट नहीं खोले गए।

मैं नई पीढ़ी से बात करना चाहता हूं। क्या आप जानते हैं कि देश कैसे बर्बाद हुआ? अगर आप 1960 की सिंधु जल संधि को ध्यान से देखेंगे, तो आप चौंक जाएंगे। उस समय यह भी तय हुआ था कि जम्मू-कश्मीर में दूसरी नदियों पर बने बांधों की सफाई नहीं की जाएगी। गाद निकालने का काम नहीं किया जाएगा।

इन बांधों के नीचे जो गेट सफाई के लिए हैं, उन्हें नहीं खोला जाएगा। 60 साल तक उन गेटों को कभी नहीं खोला गया। और जो जलाशय 100  प्रतिशत क्षमता तक भरे होने चाहिए थे, धीरे-धीरे उनकी क्षमता खत्म हो गई। ध्यान रहे, मैंने अभी तक कुछ खास नहीं किया है। हमने बस इसे रोक कर रखा है, और फिर भी पाकिस्तान को पसीना आ रहा है। हमने कुछ बांधों के गेट खोले हैं और सफाई शुरू की है। हम कचरा और मलबा हटा रहे हैं।

रैली को संबोधित करते हुए उन्होंने पिछले 75 सालों से चल रही आतंकी घटनाओं का भी जिक्र किया। और कहा कि अब समय आ गया है कि भारत को गोलियों का जवाब गोले से और ईंट का जवाब पत्थर से देना चाहिए। सैन्य प्रशिक्षण प्राप्त इन आतंकवादियों को भारत भेजा जाता है और निर्दोष, निहत्थे लोग उनके शिकार बनते हैं।

उन्होंने कहा, आप मुझे बताइए – क्या हमें यह सहन करते रहना चाहिए? क्या गोली का जवाब गोले से नहीं दिया जाना चाहिए? क्या ईंट का जवाब पत्थर से नहीं दिया जाना चाहिए? शरीर चाहे कितना भी मजबूत या स्वस्थ क्यों न हो, एक कांटा भी लगातार दर्द दे सकता है – और हमने तय किया है कि कांटा निकालना ही होगा।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मंगलवार को यहां गुजरात के विभिन्न शहरों के लिए 5536 करोड़ रुपए की परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। श्री मोदी ने गुजरात के अपने दो दिवसीय दौरे के दूसरे दिन आज यहां रोड शो के बाद महात्मा मंदिर में एक विशेष कार्यक्रम में विभिन्न विभागों की 5536 करोड़ रुपए की विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया।

इसमें शहरी विकास विभाग की 2700 करोड़ रुपए से अधिक की परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास हुआ। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना (पीएमएवाई) के अंतर्गत 1006 करोड़ रुपए की लागत से बने 22,000 से अधिक आवासीय इकाईयों का और सूरत की कांकरा-खाड़ी के किनारे 145 करोड़ रुपए के खर्च से बंजर भूमि का कायाकल्प कर तैयार किए गए बायोडायवर्सिटी पार्क का तथा शहरी विकास विभाग के अंतर्गत कुल 1447 करोड़ रुपए की विभिन्न परियोजनाओं का लोकार्पण किया,

जिसमें जामनगर, सूरत, अहमदाबाद, गांधीनगर और जूनागढ़ शहर के विकास कार्य भी शामिल हैं।  प्रधानमंत्री ने 1347 करोड़ रुपए की शहरी विकास की परियोजनाओं का शिलान्यास किया, जिसमें अहमदाबाद में 1000 करोड़ रुपए के खर्च से साकार होने वाले साबरमती रिवरफ्रंट फेज-3 भी शामिल है। सड़क एवं भवन और जल संसाधन विभाग की 2000 करोड़ रुपए से अधिक की परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास महात्मा मंदिर में आयोजित कार्यक्रम में प्रधानमंत्री सड़क एवं भवन विभाग के अंतर्गत 170 करोड़ रुपए की परियोजनाओं तथा जल संसाधन विभाग की 1860 करोड़ रुपए से अधिक की परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया।