नेपाल और तिब्बत की सीमा पर अचानक आयी विनाशकारी बाढ़
लापता लोगों में अनेक भारतीय भी
अधिकांश विदेशी पर्यटक वहां थे
तिब्बत के नुकसान का पता नहीं
काठमांडूः नेपाल-तिब्बत सीमा पर अचानक आई बाढ़ और भूस्खलन के कारण कम से कम 17 लोगों की मौत हो गई है और करीब 400 लोग लापता हैं। इस आपदा ने कई गांवों को बहा दिया और सड़कों व बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचाया है। बाढ़ बुधवार तड़के नेपाल की राजधानी काठमांडू के उत्तर में स्थित रसुवा क्षेत्र में आई। शुरुआती जानकारी के अनुसार, भूकंप के कारण हिमस्खलन हुआ और पिघली बर्फ भोटे कोशी नदी में बहने लगी। तिब्बत और नेपाल सीमा के दोनों ओर खोज अभियान जारी है तथा अब तक 12 लोगों को बचाया जा चुका है। चीन के सरकारी मीडिया के अनुसार भारी नुकसान हुआ है, वहीं नेपाली अधिकारियों ने भी बड़े पैमाने पर जान-माल की हानि की आशंका जताई है।
नेपाल पर्यटन बोर्ड ने बताया कि क्षेत्र में मौजूद 291 पर्यटकों और गाइडों सहित 93 नेपाली नागरिकों का पता लगाने का काम जारी है। इनमें ब्रिटेन, अमेरिका, मलेशिया, दक्षिण अफ्रीका और भारत के यात्री शामिल हैं।
नेपाल पुलिस के प्रवक्ता अभि नारायण काफ्ले ने बताया कि सभी सुरक्षा एजेंसियां मिलकर राहत कार्य में लगी हैं। भोटे कोशी नदी के निचले इलाकों में अलर्ट जारी किया गया है। क्षेत्र में सड़कें, संचार और बिजली ठप्प हैं। काठमांडू जाने वाली मुख्य सड़क भी बंद है। काठमांडू स्थित एक चीनी व्यवसायी यी लियांग ने बताया कि उनकी लॉजिस्टिक्स कंपनी के सात कंटेनर ट्रक वहां फंसे हैं और चालकों से संपर्क टूट चुका है।
तिब्बत की ओर हुए नुकसान का स्पष्ट पता नहीं चल पाया है। सिचुआन प्रांत के गुआन डाओक्सुआन ने बताया कि तिब्बत में सड़क और पुल निर्माण कंपनी में कार्यरत उनकी पत्नी से संपर्क टूट गया है। तेज हवाओं के कारण हेलीकॉप्टर निरीक्षण में बाधा आ रही है।
नेपाल के आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने नदी किनारे रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। प्रधानमंत्री बालेंद्र शाह ने आपातकालीन बैठक के बाद कहा कि मेडिकल टीम, स्काउट्स और रेड क्रॉस के समन्वय से आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। विदेश मंत्री शिशिर खनाल ने संसद को बताया कि 26 पुलिसकर्मी, 9 सशस्त्र पुलिस अधिकारी और सेना के 44 जवान लापता हैं। इसकी वजह से चीन और भारत दोनों ही देशों में नेपाल से लगने वाली सीमा पर सतर्कता के आदेश जारी किये गये हैं। क्योंकि बाढ़ का पानी तेजी से नीचे की तरफ आ रहा है।