Dhar Bhojshala News: भोजशाला में मां सरस्वती की धातु प्रतिमा ले जाने का वीडियो वायरल; एएसआई अधीक्षक ने किया निरीक्षण
धार: ऐतिहासिक भोजशाला परिसर में शनिवार को उस वक्त चर्चाएं तेज हो गईं, जब मां सरस्वती की एक धातु प्रतिमा को गर्भगृह तक ले जाकर पूजा-अर्चना करने की बात सामने आई। इस घटना से जुड़ी तस्वीरें और वीडियो इंटरनेट पर तेजी से वायरल हो रहे हैं। हालांकि, बाद में प्रतिमा को वहां से हटा लिया गया। इस पूरे मामले पर भोज उत्सव समिति और स्थानीय पुलिस प्रशासन की ओर से अभी कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।
🔍 एएसआई अधीक्षक का विशेष निरीक्षण
भोजशाला में व्यवस्थाओं को और सुदृढ़ करने के उद्देश्य से शनिवार दोपहर करीब 2 बजे भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) के पुरातत्व अधीक्षक डॉ. शिवाकांत बाजपेई ने भोजशाला का दौरा किया। बताया जा रहा है कि दिल्ली से प्राप्त विशेष निर्देशों के बाद उन्होंने परिसर का बारीकी से अवलोकन किया। डॉ. बाजपेई ने हाई कोर्ट के निर्देशों के अनुरूप लागू की गई सुरक्षा व्यवस्थाओं और परिसर की स्थिति का जायजा लिया, ताकि भविष्य में व्यवस्थाओं को और अधिक बेहतर बनाया जा सके।
🚶 प्रशासनिक अमले की सक्रियता और श्रद्धालुओं का उत्साह
भोजशाला में इन दिनों प्रशासनिक अधिकारियों का लगातार आना-जाना बना हुआ है। भीषण गर्मी के बावजूद शनिवार को बड़ी संख्या में श्रद्धालु सुबह-शाम की आरती में शामिल होने पहुंचे। हिंदू समाज की लंबे समय से मांग है कि एएसआई हाई कोर्ट के आदेशों का पूर्णतः पालन करते हुए भोजशाला में सुविधाओं को और बेहतर करे।
✨ मां वाग्देवी की वापसी की आस
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा ‘सरस्वती लोक’ के विकास की घोषणा और लंदन से मां वाग्देवी (सरस्वती) की मूल प्रतिमा को वापस लाने के प्रयासों की बात ने श्रद्धालुओं में नया उत्साह भर दिया है। लोग इस ऐतिहासिक धरोहर के संरक्षण और इसके गौरव को फिर से स्थापित होते देखने के लिए आशान्वित हैं।