LPG Cylinder Rules: रसोई गैस खपतकारों के लिए बड़ी चेतावनी, डीसी के नए आदेश नहीं माने तो हो सकता है भारी नुकसान
चंडीगढ़ : सभी व्यापारिक और औद्योगिक खपतकारों को सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूटर से जुड़ने की जरूरत के साथ ही घरेलू खपतकारों को भी PNG कनेक्शन (जहां पाइपलाइन बिछाई गई है) लेना जरूरी कर दिया गया है। आदेश न मानने वाले खपतकारों का LPG कोटा आधा कर दिया जाएगा। शहर में केंद्र का नेचुरल गैस और पेट्रोलियम प्रोडक्ट्स ऑर्डर 2026 के लागू होने के बाद एसेंशियल कमोडिटीज एक्ट के तहत आदेश जारी किए गए हैं। शनिवार को DC निशांत कुमार यादव ने गैस और पेट्रोल के डिस्ट्रीब्यूशन से जुड़े फूड एंड सप्लाई विभाग, रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (RWA)और होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन जैसे स्टेकहोल्डर्स के साथ मीटिंग में इन जरूरतों को पूरी तरह लागू करने की बात कही। प्रशासन ने पी.एन.जी. कनेक्शन लेने के लिए संपर्क नंबर 18002335566 भी जारी किया है।
खपतकारों की संख्या 22 से बढ़ाकर एक लाख करने का लक्ष्य
डी.सी. ने बताया कि आने वाले दिनों में PNG कनेक्शन के मौजूदा कस्टमर्स की संख्या 22 से बढ़ाकर एक लाख करने का लक्ष्य रखा गया है। लक्ष्य को हासिल करने के लिए डी.सी. ने फूड एंड सप्लाई विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वह अगले एक हफ्ते तक ग्रुप हाउसिंग सोसाइटियों में रोजाना 2 कैंप लगाएं ताकि लोगों को LPG से PNG में ट्रांसफर करने के लिए प्रेरित किया जा सके। होटल, रेस्टोरेंट, ढाबे और बड़े खपतकारों को पहल के आधार पर PNG नेटवर्क से जोड़ा जाएगा। CGD एजेंसी को सभी व्यापारिक और ओद्योगिक क्षेत्रों को कवर करने के लिए बुनियादी ढांचे का तेजी से विस्तार करने के निर्देश है।
निगम व इंजीनियरिंग विभाग जल्दी दे पाइपलाइन बिछाने की मंजूरी
डी. सी. ने निगम और इंजीनियरिंग विभाग PNG पाइपलाइन बिछाने की मंजूरी जल्दी देने के निर्देश दिए। डीसी ने RWA और लोगों से अपील की है कि वे LPG से PNG में ट्रांसफर करने में अपने क्षेत्र के लोगों को उत्साहित करें। डीसी ने CGD एजेंसी को निर्देश दिए कि जिन क्षेत्रों में इंफ्रास्ट्रक्चर उपलब्ध है, वहां एक हफ्ते के अंदर PNG कनेक्शन दिए जाएं। रेजिडेंशियल सोसाइटियों में तीन दिन के अंदर और घरों में 48 घंटे के अंदर एजेंसी PNG एप्लीकेंट्स को कनेक्शन दें।
इधर, 1 अप्रैल से लोगों पर पड़ने जा रहा बोझ
1 अप्रैल से लोगों पर बोझ पड़ने वाला है। पानी, बिजली, कूड़ा उठाने, निगम की जायदाद का किराया और कम्युनिटी सेंटर्स का किराया बढ़ने से लोगों के खर्चे भी बढ़ जाएंगे।