Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Indo MIM IPO: इंडो एमआईएम का 3812 करोड़ का आईपीओ 23 जुलाई से खुलेगा, जानें प्राइस बैंड और पूरी डिटेल Dishani Chakraborty Boyfriend: मिथुन चक्रवर्ती की बेटी दिशानी का ब्राइडल लुक वायरल, खूबसूरती देख दीव... Kids Constipation Remedies: बच्चों में कब्ज की समस्या दूर करेंगे ये 5 फल, पेट साफ होना होगा आसान Kidney Cancer Symptoms: सिर्फ दर्द ही नहीं, शरीर के ये 7 संकेत भी हो सकते हैं किडनी कैंसर का इशारा SpiceJet Acquisition: स्पाइसजेट को खरीदेगी गल्फ एयरलाइन? निवेश और अधिग्रहण को लेकर शुरुआती बातचीत शु... China Floods: चीन के 1 लाख बांध बने मुसीबत, बिना चेतावनी पानी छोड़ने से कई गांवों में भारी तबाही Nepal Coin Map Controversy: नेपाल ने 1 रुपये के सिक्के से हटाया विवादित नक्शा, अब होगी बौद्ध मठ की त... वर्फीले प्रदेश में सोना उगल रहा है माउंट एरेबस, देखें वीडियो Zohran Mamdani on Netanyahu: क्या अमेरिका में गिरफ्तार होंगे नेतन्याहू? न्यूयॉर्क के मेयर के बयान पर... Campa Cola Market Share: रिलायंस 'कैंपा' ने कोल्ड ड्रिंक बाजार में मचाया तहलका, पेप्सी और कोका-कोला ...

अब अगला चुनाव भी धामी की अगुआई में

प्रधानमंत्री ने फिर थपथपाई धामी की पीठ, सीएम विरोधियों को लगा करारा झटका

  • हाल ही में राज्य के दौरे पर आये थे मोदी
  • धामी के नेतृत्व पर मुहर लगा गये वह
  • पार्टी के अंदर भी तमाम विरोधी चित हुए

ममता सिंह

देहरादूनः प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हालिया उत्तराखंड दौरे ने राज्य की राजनीति और विकास की दिशा को लेकर कई महत्वपूर्ण संकेत दिए हैं। राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर देहरादून पहुंचे प्रधानमंत्री ने न केवल मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की पीठ थपथपाई, बल्कि उन्हें आगामी 25 वर्षों (वर्ष 2047) के लिए उत्तराखंड के विकास का एक विस्तृत रोडमैप भी सौंपा। यह दौरा और प्रधानमंत्री के वक्तव्य देवभूमि के भविष्य के लिए बेहद अहम माने जा रहे हैं।

राजनीतिक नजरिए से, प्रधानमंत्री मोदी द्वारा सार्वजनिक मंच से धामी सरकार की की गई जमकर तारीफ सबसे महत्वपूर्ण घटना रही। इस प्रशंसा ने यह स्पष्ट कर दिया है कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का नेतृत्व सशक्त और स्थिर है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि प्रधानमंत्री कार्यालय उत्तराखंड सरकार की कार्यशैली, विशेषकर प्रधानमंत्री के ड्रीम प्रोजेक्ट्स पर चल रहे काम से, अत्यंत संतुष्ट है।

प्रधानमंत्री के इस समर्थन से राज्य में मुख्यमंत्री विरोधी जो राजनीतिक हवा चल रही थी, उस पर अब विराम लग गया है। भाजपा के भीतर के कुछ वरिष्ठ नेताओं और सीएम विरोधियों को तगड़ा झटका लगा है, जो समय-समय पर अनर्गल प्रचार से माहौल खराब करने की कोशिश करते रहे हैं। इस दौरे के बाद राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि अगला विधानसभा चुनाव भी पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में ही लड़ा जाएगा, जिससे धामी विरोधी खेमा धराशाई हो गया है।

प्रधानमंत्री मोदी ने केवल राजनीतिक समर्थन नहीं दिया, बल्कि विकास को लेकर भी बड़े संकेत दिए। उन्होंने 8,260 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण करके यह संदेश दिया कि धामी सरकार प्रदेश हित में उत्कृष्ट कार्य कर रही है।

प्रधानमंत्री ने उत्तराखंड सरकार की कुछ साहसिक नीतियों की विशेष रूप से प्रशंसा की। समान नागरिक संहिता (UCC): इसे गंभीरता से लागू करने पर सरकार ने अन्य राज्यों के लिए मिसाल पेश की है। धर्मांतरण विरोधी और दंगा नियंत्रण कानून: इन कानूनों को लेकर राज्य सरकार की राष्ट्रहित में साहसिक नीति को सराहा गया।

प्रधानमंत्री ने वोकल फॉर लोकल मुहिम में उत्तराखंड की भागीदारी पर भी जोर दिया। उन्होंने बताया कि उत्तराखंड के 15 कृषि उत्पादों को जीआई टैग मिला है, जिसमें हाल ही में बेडू फल और बद्री घी को मिला टैग गौरव की बात है। ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ ब्रांड राज्य के उत्पादों को एक मंच दे रहा है और डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से ये उत्पाद ग्लोबल मार्केट से जुड़ रहे हैं। उन्होंने भरोसा जताया कि भाजपा सरकार मजबूत संकल्प के साथ विकास के मार्ग में आई हर बाधा को दूर करेगी।

कुल मिलाकर, प्रधानमंत्री का यह दौरा उत्तराखंड के विकास के लिए रोडमैप तय करने के साथ-साथ मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व पर हाईकमान की मुहर लगाने वाला साबित हुआ है। उन्होंने धामी सरकार को 2047 के उत्तराखंड के लिए बिना इंतजार किए आगे बढ़ने की अपील की और केंद्र से पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया है। उनके विरोधी इससे पूरी तरह चित हो गये हैं।