हाई वोल्टेज पॉलिटिकल ड्रामा से माहौल और गरमाया
सरकार ने ओडिशा को बदनाम किया
जनसंपर्क पदयात्रा के प्रारंभ में कहा
इतिहास कभी इन्हें माफ नहीं करेगा
प्रसन्न मोहंति
भुवनेश्वरः पूर्व मुख्यमंत्री और बीजू जनता दल के सुप्रीमो नवीन पटनायक ने मोहन चरण माझी सरकार पर जमकर हमला बोला है। भुवनेश्वर में जन संपर्क पदयात्रा के शुभारंभ के मौके पर नवीन ने कहा कि यह सरकार कुशासन और कुप्रबंधन की मिसाल बन गई है।
नवीन ने कहा, यह सरकार एक रथयात्रा तक ठीक से नहीं संभाल पाई। बाढ़ प्रबंधन में कुप्रबंधन, धान खरीद में कुप्रबंधन, भर्ती परीक्षाओं में कुप्रबंधन, वित्तीय प्रबंधन में कुप्रबंधन। यह सरकार हर काम में फेल है। लोग कह रहे हैं कि शायद ओडिशा की भाजपा सरकार ने कुप्रबंधन में विशेषज्ञता हासिल कर ली है।
उन्होंने आरोप लगाया कि बच्चों के लिए किताबें नहीं हैं, बुजुर्गों के लिए पेंशन नहीं है, किसान परेशान हैं, महिलाएं परेशान हैं और कानून-व्यवस्था पूरी तरह चौपट है।
नवीन ने सबसे बड़ा हमला एमएमडीआर संशोधन कानून को लेकर किया। उन्होंने कहा कि केंद्र ने ओडिशा की खदानों पर हक छीन लिया है और राज्य सरकार चुप है। ओडिशा के 20 भाजपा सांसद भी चुप हैं। उन्होंने कहा, मैंने मुख्यमंत्री को दो बार पत्र लिखकर विशेष विधानसभा सत्र बुलाने और इस कानून के खिलाफ प्रस्ताव पारित करने की मांग की, लेकिन कोई जवाब नहीं आया।
नवीन ने चेतावनी देते हुए कहा – सत्ता आज है, कल नहीं रहेगी। लेकिन इस माटी से गद्दारी करने पर इतिहास कभी माफ नहीं करेगा। जेन जेड आपको माफ नहीं करेगा, ओडिशा की जनता माफ नहीं करेगी। मैं अपने आखिरी सांस तक ओडिशा के हक के लिए लड़ूंगा।
नवीन के इस हमले के बाद भाजपा में हड़कंप मच गया है। भाजपा ने पलटवार करते हुए कहा है कि बीजेडी 24 साल के अपने कुशासन को छिपाने के लिए इस तरह के बयान दे रही है। भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि मोहन माझी सरकार पारदर्शी तरीके से काम कर रही है और जनता सब देख रही है। एमएमडीआर कानून देश के विकास के लिए जरूरी है।
फिलहाल ओडिशा की राजनीति में इस बयान के बाद हाई वोल्टेज ड्रामा शुरू हो गया है। बीजेडी ने पूरे महीने जन संपर्क पदयात्रा का ऐलान किया है, जिससे साफ है कि 2029 से पहले ही सियासी जमीन गरम होने लगी है।