बंगाल की खाड़ी मे बना दबाव करीब आ रहा
आईएमडी ने रेड एलर्ट जारी किया है
पांच हजार लोगों को हटाया गया है
भूस्खलन वाले इलाकों में सतर्कता
राष्ट्रीय खबर
कोलकाताः बंगाल की खाड़ी के ऊपर बने एक गहरे दबाव के आंध्र प्रदेश-ओडिशा तट की ओर बढ़ने के कारण बुधवार को दक्षिणी ओडिशा में मूसलाधार बारिश का दौर जारी रहा। हालात को देखते हुए प्रशासन ने संवेदनशील क्षेत्रों से करीब 5,000 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दिया है। मौसम विभाग की चेतावनी के बाद गजपति, कालाहांडी, कोरापुट, मलकानगिरी और नवरंगपुर समेत कई जिलों में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है।
गजपति जिले में, जहां भूस्खलन की आशंका वाले कई संवेदनशील क्षेत्र हैं, जिला कलेक्टर अक्षय सुनील अग्रवाल ने बताया कि एहतियात के तौर पर गर्भवती महिलाओं, बुजुर्गों और अन्य जोखिम वाले लोगों को चक्रवात आश्रयों और अस्थायी राहत शिविरों में स्थानांतरित कर दिया गया है। प्रशासन ने ऐसे 140 स्थानों की पहचान की है जो भूस्खलन के प्रति संवेदनशील हैं और उन पर कड़ी नजर रखी जा रही है। विस्थापित लोगों को प्रशासन द्वारा पका हुआ भोजन भी उपलब्ध कराया जा रहा है।
इस बीच भारी बारिश के कारण ओडिशा के कई हिस्सों में जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। गंजम, गजपति, मलकानगिरी, कोरापुट, रायगढ़ा और नवरंगपुर जिलों में कई जगहों पर घरों में पानी घुसने, पेड़ उखड़ने, कच्चे मकान ढहने और पहाड़ियों से मटमैला पानी नीचे आने की खबरें सामने आई हैं। मौसम विभाग के अनुसार, बुधवार सुबह समाप्त हुए 24 घंटों के दौरान कोरापुट के सेमिलीगुडा में सबसे अधिक 230 मिमी बारिश दर्ज की गई, जबकि इसी जिले के जयपुर में 161 मिमी वर्षा रिकॉर्ड हुई। राज्य में 16 से अधिक स्थानों पर 100 मिमी से ज्यादा बारिश दर्ज की गई है।
आईएमडी के अनुसार, गहरे दबाव का यह सिस्टम पिछले छह घंटों के दौरान करीब 5 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से आगे बढ़ रहा है। बुधवार सुबह इसका केंद्र आंध्र प्रदेश में कलिंगपट्टनम से लगभग 60 किमी दक्षिण-पूर्व में स्थित था। मौसम कार्यालय ने बुधवार और गुरुवार को दक्षिणी ओडिशा के लिए ‘रेड अलर्ट’ (तुरंत कार्रवाई करें) जारी किया है, जहां कुछ स्थानों पर 20 सेमी से अधिक बारिश की संभावना है। इसके अलावा शुक्रवार और शनिवार के लिए भी कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी दी गई है।
संभावित खतरे से निपटने के लिए राज्य सरकार ने ओडिशा आपदा त्वरित कार्रवाई बल की 33 टीमों को तैनात कर दिया है। एहतियात के तौर पर 10 जिलों में सभी शैक्षणिक संस्थानों और आंगनवाड़ी केंद्रों को बंद करने का आदेश दिया गया है। साथ ही, सरकारी अधिकारियों की छुट्टियां रद्द कर उन्हें अपने मुख्यालय में रहने को कहा गया है।